
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (फोटो-पत्रिका)
टोंक। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर मंगलवार को टोंक में जमकर निशाना साधा। गहलोत ने मीडिया से बातचीत में सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि सरकार नाम की कोई चीज नहीं है। न ही कानून का राज है। हम विपक्ष में है। हमारा फर्ज बनता है कि जनता की आवाज को उठाएं।
उन्होंने कहा कि यदि गुड गर्वनेंस होगी तो लोगों को फायदा मिलेगा। भाजपा सरकार ने सिर्फ योजनाओं का नाम बदला है। अन्नपूर्णा योजना का नाम तो बदल दिया। लेकिन अब खाली थैला पकड़ा रहे हैं, जिससे न तो गरीबों का भला हो रहा बल्कि सरकार की भी बेइज्जती होती है।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार में बिना पैसों के कोई काम नहीं हो रहे। भ्रष्टाचार बढ़ रहा है कोई सुनने वाला नहीं है। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि मेरा मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से कोई विरोध नहीं है। लेकिन वह कुछ बोल नहीं पा रहे।
गहलोत पूर्व मंत्री भरत सिंह के निधन के बाद उनके दाह संस्कार में शामिल होने कोटा जा रहे थे। इस दौरान वे कुछ देर के लिए टोंक बाईपास पर रूके थे। गहलोत ने इस मौके पर मीडिया से बातचीत में आरोप लगाया कि जयपुर के एसएमएस अस्पताल में आग के हादसे के बाद मुख्यमंत्री इस मामले में लीपापोती वाली जांच करवा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पांच-सात लोगों की कमेटी बना दी। सात दिन में रिपोर्ट दो, रिपोर्ट दे देंगे वो बात खत्म हो जाएगी। दो चार लोगों को आप सस्पेंड कर दोगे। मैंने लंबे टाइम के लिए कहा था कि आप न्यायिक जांच बैठवाओ, जिससे कि चाहे स्कूल हो अस्पताल हो जो भी शिकायत आ रही है। उसकी रिपोर्ट भी तैयार हो।
Updated on:
07 Oct 2025 09:18 pm
Published on:
07 Oct 2025 09:18 pm
