4 नवंबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

विधानसभा चुनाव से पहले गृहमंत्री कटारिया के घर में भाजपा को ये क्या हुआ…

गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया के विधानसभा क्षेत्र उदयपुर के नगर निगम के वार्ड 46 के उप चुनाव में कांग्रेस की धमाकेदार जीत।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

उदयपुर

•

image

Jyoti Jain

•

Updated: 14 Jun 2018, 10:44 AM IST

gulab chand kataria

gulab

मुकेश हिंगड़ / प्रमोद सोनी

उदयपुर. राजस्थान के गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया के विधानसभा क्षेत्र उदयपुर शहर से भाजपा के लिए निराश होने वाली खबर आई है। उदयपुर के नगर निगम में 55 में से 49 भाजपा पार्षदों वाली पार्टी गुरुवार को उप चुनाव के परिणाम में हार गई। उदयपुर के वार्ड 46 के चुनाव ने भाजपा को निराश किया और अब सोचने को मजबूर कर दिया है कि विधानसभा चुनाव से पहले कि यह हार क्या संदेश देगी। सबसे खास बात यह है कि भाजपा की हार भी भारी मतों के अंतराल से हुई है। दूसरी तरफ मौका ढूंढ रही कांग्रेस अब जश्र मना रही है और पार्टी के कार्यकर्ताओं में जोश व उत्साह बढ़ गया है।


उदयपुर में कोर्ट चौराहा पर जिला कलक्टर के बंगले के पास स्थित गिर्वा तहसील कार्यालय में सुबह आठ बजे मतगणना शुरू हुई। पांच ईवीमए की टिक-टिक ने कांग्रेस की खुशी बढ़ाई तो भाजपा के पदाधिकारियों के चेहरे उतारे, शुरूआती जो रूझान आए उससे साफ हो गया कि भाजपा के हाथ से उसका वार्ड गया।

इसके कुछ समय बाद तो भाजपा की हार और कांग्रेस की जीत घोषित कर दी। मतगणना केन्द्र पर ही सीनियर कांग्रेस नेता त्रिलोक पूर्बिया, ब्लॉक अध्यक्ष फतहसिंह राठौड़, नगर निगम नेता प्रतिपक्ष मोहसिन खान व शकील खान ने एक-दूसरे को बधाईयां दी, भाजपा की ओर से गणना कक्ष में किरण जैन, कमलेश जावरिया, दिनेश गुप्ता आदि शामिल थे। हार के बाद किरण ने कहा कि हम हार की समीक्षा करेंगे तो पूर्बिया ने कहा कि अच्छे दिन क्या होते है भाजपा का अब पता चलने लगा है।

READ MORE: VIDEO: बीजेपी के गढ़ वाले उदयपुर नगर निगम में कांग्रेस जीती, भाजपा को करारी शिकस्त के साथ मिले सिर्फ इतने वोट, देखें वीडियो

2378 में से भाजपा 438 वोट ही मिले
रिटनिंग अधिकारी सुभाषचंद शर्मा ने बताया कि उप चुनाव के घोषित परिणाम में कांग्रेस की शाहीन निशा को 1929, भाजपा प्रत्याशी हसीना बानो को 438 तथा 11 जनों ने नोटा को वोट दिया। इतने बड़े भाजपा के इस वार्ड में हार के अलावा भाजपा को बहुत कम मत मिलना चिंता का विषय पार्टी के लिए हो गया है। इस वार्ड में पहले भाजपा की गरिमा पठान पार्षद थी, उनके निधन से यह वार्ड खाली हो गया और उप चुनाव हुआ। हम आपको बताना चाहेंगे कि 2014 में भी भाजपा यहां मात्र दस वोट से जीती थी।



अब कटारिया और पार्टी मंथन करेगी
भाजपा के लिए नगर निगम में इस हार का कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा लेकिन संगठन के लिए यह बड़ी चिंता का विषय हो गया है। सूत्रों के अनुसार अब भाजपा के उदयपुर के मुखिया गृहमंत्री गुलाचंद कटारिया आगामी विधानसभा चुनाव से पहले इस हार को लेकर बड़ा मंथन करेंगे। पार्टी के शहर अध्यक्ष दिनेश भट्ट, मेयर चन्द्रसिंह कोठारी तथा मंडल और बूथ के पदाधिकारियों ने हार की समीक्षा शुरू करने के साथ ही उन कारणों को खोज रहे है जो हार के लिए जिम्मेदार है।

कांग्रेस जोश के साथ बोले जिंदाबाद
कांग्रेस की जीत के साथ ही मतगणना स्थल पर कांग्रेस के नेता व कार्यकर्ता जोश के साथ वहां पहुंचे। पार्टी के शहर अध्यक्ष गोपाल शर्मा, पूर्व विधायक त्रिलोक पूर्बिया, पीसीसी सदस्य सुरेश श्रीमाली, कांग्रेस नेता दिनेश श्रीमाली, पंकज शर्मा, फतहसिंह राठौड़, कौशल नागदा, पन्नालाल मेघवाल सहित कई कार्यकर्ता शामिल थे। गणना स्थल के बाहर से जीती प्रत्याशी शाहीन निशा को खुली जीप में कांग्रेस के पक्ष में नारे लगाते हुए ले गए।