
Rajasthan News : सावधान! बाजार में इन दिनों बिकने वाला पनीर मिलावटी आ रहा है। चंद मुनाफे के फेर में शहर व आसपास में कुछ लोग केमिकल डालकर पनीर बनाते हुए बड़ी-बड़ी दुकानों पर सप्लाई कर रहे हैं और वहां से बल्क में शादी ब्याह व बड़े आयोजनों में यह बेचा जा रहा है। इसका खुलासा सोमवार को उदयपुर के नवानिया गांव में एक फैक्ट्ररी में मिले मिलावटी पनीर से हुआ। खाद्य विभाग व पुलिस की टीम ने स्पष्ट किया कि संचालक कई तरह के केमिकल मिलाकर उसे तैयार कर रहा था। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की फूड टीम ने बरामद 1100 किलो पनीर को नष्ट किया। मौके पर पनीर के लिए नमूनों की अभी जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर टीम अग्रिम कार्रवाई करेगी। गौरतलब है कि पुलिस व फूड टीम ने सोमवार को नवानिया गांव में एक फैक्ट्ररी में नकली पनीर पकड़ा था। जांच में पता चला कि आरोपी फैक्ट्ररी में जीरो फैट में पनीर बना रहा था, जबकि पनीर बनाने में 4 फैट होना चाहिए।
दूध को गाढ़ा कर फैट के लिए पाम ऑयल व एसीटिक एसिड।
पानी, वनस्पति वसा, रेनेट कैसिइन, इमल्सीफाइंग नमक व सोडियम क्लोराइड।
1- पनीर के निर्माण में 4 फैट की जरुरत होती है, यह बिना फैट के तैयार किया जा रहा था
2- 1100 किलो पनीर पकड़ा इसके निर्माण के लिए चाहिए था 5500 लीटर दूध
3- आरोपी संचालक 2000 लीटर दूध से तैयार कर रहा था 1100 किलो पनीर
4- 1100 किलो पनीर में दूध का खर्च होना था 3.52 लाख रुपए
5- 2000 लीटर दूध बनना था 400 किलो पनीर, बन रहा था 1100 किलो
6- दूध, लेबर व सप्लाई मिलाकर 280 से 300 रुपए किलो का आ रहा पनीर का खर्च
7- आरोपी संचालक दुकानों पर 180 रुपए में बेच रहा था, दुकानदार 320 रुपए किलो में
8- गड़बड़ी के बावजूद आरोपी संचालक 180 रुपए किलो में कमा रहा था मुनाफा
1- पनीर को गर्म करें, वह असली होगा तो ये हल्का सुनहरे रंग का होने लगेगा नकली होगा तो वह पिघलने लगेगा और टूटने लगेगा।
2- पनीर को पहचानने के लिए मसल कर देखें, अगर पनीर टूटकर बिखरने लगे तो समझ लें कि नकली है, क्योंकि इसमें मौजूद स्कीड मिल्क पाउडर ज्यादा दबाव सहन नहीं कर सकता है।
3- असली पनीर सॉफ्ट होता है, अगर वह टाइट है तो मिलावटी है। टाइट पनीर खाते समय रबड़ की तरह खींचता है।
1- एक लीटर फैट वाले दूध से तैयार होता है महज 250 ग्राम पनीर।
2- एक किलो पनीर बनाने के लिए चाहिए 5 किलो दूध यानी 320 रुपए का दूध।
3- फैट वाले दूध का बाजार भाव 64 रुपए प्रति लीटर।
1- चकत्ते, खुजली, सांस लेने में दिक्कत।
2- होंठ, जीभ,गले में सूजन।
3- यूरिया और सिंथेटिक दूध से किडनी पर बुरा असर।
4- पाचन संबंधी परेशानियां।
5- पेट फूलना, गैस और अपच।
7- नकली पनीर खाने से उल्टी की समस्या।
नवानियां में पकड़ में आए मिलावटी पनीर के सैपल लेकर बाकी को नष्ट कर दिया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर संचालक के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। लोगों से अपील है कि अपने घर के आसपास मिलावटी खाद्य पदार्थ को लेकर अगर किसी तरह की अवैध गतिविधियां चलती है तो चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की फूड टीम को सूचित करें।
अशोक आदित्य, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी
Updated on:
30 Apr 2025, 1:06 PM IST
Published on:
30 Apr 2025, 1:06 PM IST
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