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अब शि‍क्षक या व‍िद्यार्थी कोई भी कक्षा में मोबाइल लाए तो होगी अनुशासनात्मक कार्रवाई

- माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने जारी किया आदेश
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उदयपुर

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Madhulika Singh

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Updated: 7 May 2018, 3:20 PM IST

mobile ban in school

भुुुुवनेश पंड्या/ उदयपुर . यदि अब किसी शिक्षक या विद्यार्थी कक्षा संचालन के दौरान मोबाइल उपयोग करते हुए मिला या उसके मोबाइल देखा गया तो उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। माध्यमिक शिक्षा निदेशक बीएल स्वर्णकार ने सभी संस्था प्रधानों व अधिकारियों को आदेश किया कि संबंधित को पहले चेता दें और बाद में यदि नहीं संभले तो राजस्थान असैनिक सेवाएं आचरण नियम 1971 के तहत कार्रवाई करें।

सूचना पट्ट और प्रार्थना सभा में करें उल्लेख

प्रत्येक स्कूल को अब मोबाइल उपयोग नहीं का संदेश उसके सूचना पट्ट पर लिखना होगा। साथ ही प्रार्थना सभा में भी इस बारे में बताया जाए। कक्षा एवं स्कूल परिसर में कोई भी शिक्षक मोबाइल का उपयोग नहीं कर सकेगा।

शिकायतों पर आदेश

ये आदेश शिकायतों पर जारी किए गए हैं। कई बार कक्षा संचालन के दौरान किसी शिक्षक के पास फोन आने पर पढ़ाई का समय खराब होने की घटनाएं होती है। साथ ही विद्यार्थी के लिए तो मोबाइल का इस्तेमाल होना ही नहीं चाहिए। सभी को इसे सख्ती से लागू करना होगा।

नरेश डांगी, जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक प्रथम

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बायो ने दी राहत तो फिजिक्स के कठिन सवालों ने उलझाया

उदयपुर. केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की ओर से रविवार को हुई नीट परीक्षा में जीव विज्ञान के पर्चे ने परीक्षार्थियों को खासी राहत दी। सवाल पूरी तरह एनसीईआरटी (11 वी और 12 वीं ) कक्षाओं के स्तर के थे, जबकि फिजिक्स के पर्चे ने खूब समय खाया। एमके जैन क्लासेज के एमके जैन ने बताया कि जिले के 16 केन्द्रों पर करीब 13 हजार 800 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। सुबह 10 से दोपहर 1 बजे तक हुई परीक्षा में सर्वाधिक प्रश्न बायोलॉजी के 90 आए, जबकि केमेस्ट्री व फिजिक्स के 45-45 प्रश्न आए। बायो के 90 प्रश्नों में से औसतन विद्यार्थियों ने 80 से 85 प्रश्न हल किए, जबकि केमेस्ट्री व फिजिक्स में औसतन 25 प्रश्न किए। नेगेटिव मार्किंग के कारण विद्यार्थियों ने संभल कर सवाल हल किए। ग्रामीण अंचल से आए विद्यार्थियों को नेगेटिव मार्किंग समझने में परेशानी जरूर हुई। एक प्रश्न गलत होने पर चार अंक तो उसके व एक अतिरिक्त अंक काटा जाना था।