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उदयपुर में श्रमिक की संदिग्ध हालात में मृत्यु का मामला…मृतक आश्रितों ने 7 लाख मिलने पर ही उठाया शव

- बिल्डर ने दी नकद राशि व चेक, दिनभर चली जद्दोजहद, हत्या का मामला दर्ज
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उदयपुर

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Mohammed Iliyas

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Updated: 30 Nov 2017, 2:17 AM IST

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उदयपुर . हरिदासजी की मगरी में एक बिल्डर के मकान में संदिग्ध हालात में फंदे पर लटके मिले श्रमिक के परिजनों व समाजजनों ने बुधवार को मामले में निष्पक्ष कार्रवाई व उचित मुआवजे की मांग को लेकर प्रदर्शन करते हुए शव नहीं उठाया।

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दिनभर मुआवजे को लेकर जद्दोजहद व वार्ता के बाद शाम को मामला 7 लाख में सुलटा। हाथोंहाथ 4.50 लाख रुपए नकद व 2.50 लाख का चेक मिलने के बाद परिजन शव लेने पर रजामंद हुए। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस मौजूदगी में मृतक का दाहसंस्कार किया गया। इधर, पुलिस ने मृतक के भाई जगदीश गमेती की रिपोर्ट पर हितेष छाजेड़ व अन्य के विरुद्ध हत्या का मामला दर्ज किया।

एकलव्य कॉलोनी निवासी भंवरलाल पुत्र जेतराम गमेती मंगलवार रात हरिदासजी की मगरी निवासी हितेश छाजेड़ के मकान में फंदे पर लटका मिला था। पुलिस ने परिजनों के सामने ही दरवाजा तोड़ शव को बाहर निकाला लेकिन परिजनों व समाजजनों ने थाने का घेराव करते हुए भंवरलाल की हत्या का आरोप लगाया। पुलिस ने समझाइश कर एक बार शव मुर्दाघर में रखवाया और परिजनों की रिपोर्ट पर बिल्डर छाजेड़ के विरुद्ध मामला दर्ज किया।

थाने का घेराव कर किया प्रदर्शन
सुबह मृतक के परिजन, रिश्तेदार व समाजजन एकलव्य कॉलोनी में एकत्र हुए और मुआवजे पर अड़ गए। कुछ देर वार्ता के बाद सभी लोग महिलाओं के साथ थाने में आ गए। वहां विरोध प्रदर्शन करते हुए घेराव किया। पुलिस ने समझाइश कर परिजनों की ओर से रिपोर्ट लेकर हत्या का मामला दर्ज किया।

इसके बाद पुलिस ने शव देना चाहा तो परिजन मुआवजे पर अड़ गए। शाम तक बिल्डर छाजेड़ की ओर से अधिवक्ता रमण जैन, अधिवक्ता गजपाल सिंह, घनश्याम सिंह राठौड़, पार्षद अतुल चंडालिया, पूर्व पार्षद कमलेश जावरिया ने पंच -पटेलों से वार्ता की। शाम तक मामला सात लाख रुपए में निपटने पर शव उठाया।