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यूजीसी की नई गाइडलाइन, छात्र अब पढ़ाई के साथ करेंगे कमाई, मिलेगा क्रेडिट

UGC Guideline : यूजीसी ने रिसर्च इंटर्नशिप पॉलिसी 2024 तैयार कर राज्यों और विश्वविद्यालयों को गाइडलाइन भेजी है। अब विद्यार्थी पढ़ाई के साथ कमाई करेंगे। साथ ही इनको क्रेडिट दिए जाएंगे। जानें कई और जरूरी बातें।
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उदयपुर

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Sanjay Kumar Srivastava

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Updated: 4 Mar 2024, 3:55 PM IST

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UGC New Guidelines

UGC New Guidelines : मधुसूदन शर्मा। अब स्नातक के छात्र-छात्राओं को रोजगार से जोड़ने के लिए पेशेवर तरीके अपनाए जाएंगे। इन्हें इंटर्नशिप में नैतिक मूल्य, व्यवहार, ईमानदारी सिखाई जाएगी। इसे लेकर इंडिया स्किल रिपोर्ट 2022 के आधार पर विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) ने एनईपी 2020 के तहत स्नातक प्रोग्राम के लिए इंटर्नशिप और रिसर्च इंटर्नशिप पॉलिसी 2024 तैयार कर राज्यों और विश्वविद्यालयों को भेजी है। इसके तहत अब कॉलेज पहले मार्केट सर्वे करेंगे और उसके विद्यार्थियों को इंटर्नशिप करवाएंगे। यह भी माना जा रहा है कि इंटर्नशिप के लिए सुपरवाइजर दिए जाएंगे, जो इंडस्ट्री और सरकारी विभागों में जाकर इंटर्नशिप के अवसर तलाशेंगे। नोडल अधिकारी इस पर निगरानी रखेंगे। इसमें इंटर्नशिप में छात्रों को कमाई के साथ बीमा और क्रेडिट भी प्रदान किए जाएंगे।



विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के सचिव प्रोफेसर मनीष जोशी ने बताया कि नई इंटर्नशिप पॉलिसी- 2024 इंडिया स्किल रिपोर्ट 2022, एनईपी 2020, करिकुलम एंड क्रेडिट फ्रेमवर्क के आधार पर तैयार की गई है। इसका उद्देश्य स्नातक छात्रों में इंटर्नशिप के माध्यम से रोजगार क्षमता में सुधार कर उन्हें पेशेवर तरीके से तैयार करना है। शैक्षणिक सत्र 2024 से चार वर्षीय और तीन वर्षीय डिग्री प्रोग्राम के छात्रों की इन्हीं नियमों के तहत इंटर्नशिप होगी।

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तीन वर्षीय डिग्री प्रोग्राम, चार वर्षीय ऑनर्स, चार वर्षीय ऑनर्स विद रिसर्च प्रोग्राम के छात्रों के लिए चौथे वर्ष से इंटर्नशिप शुरू होगी। यह 60 से 120 घंटों की होगी। इसके बदले उन्हें दो से चार क्रेडिट दिए जाएंगे। इंटर्नशिप के माध्यम से उन्हें रिसर्च प्रोजेक्ट, सोशल प्रोजेक्ट सहित अन्य क्षेत्रों में काम करना होगा। चार वर्षीय यूजी ऑनर्स विद रिसर्च के छात्रों को आठवें सेमेस्टर से एक अन्य इंटर्नशिप करनी होगी। यह पूरे एक सेमेस्टर चलेगी। इसमें उन्हें आठ से 12 क्रेडिट प्रदान किए जाएंगे। इंडस्ट्री को छात्रों को इंटर्नशिप के बदले पैसे और बीमा सुरक्षा भी देनी होगी।

● केंद्रीयकृत डिजिटल पोर्टल पर सभी छात्रों का होगा पंजीकरण।
● छात्रों को रोजगार से जोड़ने के लिए रिकार्ड रखा जाएगा।
● कोई भी नियोक्ता सीधे इस पोर्टल से जांच सकते हैं छात्र का प्रदर्शन।
● हर छात्र को उच्च शिक्षण संस्थान के अलावा संबंधित इंटर्नशिप एरिया में सुपरवाइजर और मेंटर मिलेगा।
● इंटर्नशिप में मूल्य आधारित कौशल जोड़ा जाएगा।
● स्थानीय उद्योगों और बाजारों के साथ मिलकर इंटर्नशिप कराई जाएगी।
● कैंपस में इंडस्ट्री रिलेशंस सेल बनेंगे।
● संयुक्त रिसर्च प्रोजेक्ट को बढ़ावा मिलेगा।
● स्टूडेंट कॅरियर काउंसलिंग सेल में विश्वविद्यालय और इंडस्ट्री दोनों के एक्सपर्ट होंगे।



प्रशिक्षण इंटर्नशिप में अब रिसर्च इंटर्नशिप को जोड़ा गया है। छात्र को किताबी पढ़ाई और प्रशिक्षण का ज्ञान तो अर्जित करना ही है साथ ही विद्यार्थियों को समाज और आम लोगों के काम आने वाले रिसर्च, स्थानीय बाजार, उद्योगों को लेकर भी काम करना होगा।

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