
स्वर्गीय पारस जैन- Image Source- X
Paras Jain - एमपी के पूर्व मंत्री व वरिष्ठ बीजेपी नेता पारस जैन का निधन हो गया है। उन्होंने इंदौर के एक अस्पताल में आखिरी सांस ली। स्वर्गीय पारस जैन कुछ दिनों से बीमार थे और अस्पताल में उनका उपचार किया जा रहा था। भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री पारस जैन 77 साल के थे। वे पहलवान के नाम से विख्यात थे। पारस जैन, उज्जैन से विधायक रहे और मंत्री भी बने। पिछले विधानसभा चुनाव में पार्टी ने उन्हें टिकट नहीं दिया था। इसके बाद पारस जैन ज्यादा सक्रिय नहीं रहे। उनके निधन पर भारतीय जनता पार्टी में शोक पसर गया है। बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने पारस जैन के निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्हें जनसेवा तथा संगठन के प्रति समर्पित बताया।
निधन की सूचना मिलते ही स्वर्गीय पारस जैन के निवास पर बड़ी संख्या में भाजपाई, परिचित, रिश्तेदार व मित्र एकत्रित हो गए हैं। उनके अंतिम संस्कार की तैयारियां चल रहीं हैं। पारस जैन की अंतिम यात्रा पैतृक निवास से निकाली जाएगी। अंतिम यात्रा अपरान्ह 3 बजे से प्रारंभ होगी।
दिवंगत पारस जैन का मध्यप्रदेश सरकार और बीजेपी संगठन में हमेशा महत्वपूर्ण स्थान रहा। उन्होंने उज्जैन उत्तर विधानसभा क्षेत्र का कई बार प्रतिनिधित्व किया।
मध्यप्रदेश सरकार के मंत्री के रूप में पारस जैन ने कई महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी संभाली। वे वन, स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण जैसे विभागों के मंत्री रहे।
स्वर्गीय पारस जैन मध्यप्रदेश के वरिष्ठ बीजेपी नेताओं में शुमार थे। खासतौर पर मालवा निमाड़ इलाके में उनका वर्चस्व था। इस क्षेत्र में पारस जैन, पार्टी का बड़ा चेहरा थे। कई बार मंत्री और विधायक के रूप में वे करीब दो दशकों तक यहां का प्रतिनिधित्व करते रहे।
पारस जैन को दिसंबर 2013 में मध्यप्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री बनाया गया। उन्हें स्कूल शिक्षा जैसे अहम विभाग का दायित्व दिया गया था। इसके बाद भी अलग अलग विभागों के मंत्री बने रहे। सन 2016 में उन्हें एमपी के ऊर्जा विभाग का मंत्री बनाया गया।
पारस जैन के निधन पर बीजेपी में शोक पसर गया है। प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने उनके निधन के समाचार को अत्यंत दुःखद एवं पीड़ादायक बताया। उन्होंने अपने एक्स हेंडल पर लिखा:
वरिष्ठ भाजपा नेता व प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री श्री पारस चंद्र जैन जी के निधन का समाचार अत्यंत दुःखद एवं पीड़ादायक है। शोकमय परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं।
जनसेवा तथा संगठन की विचारधारा के प्रति उनका समर्पित जीवन नए कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा है। उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा।
ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिजनों व शुभचिंतकों को यह असीम दुःख सहन करने की शक्ति दें।
ॐ शांतिः।
Updated on:
03 Aug 2026 09:47 am
Published on:
03 Aug 2026 09:05 am
