
Water level at Varanasi Ghats reached at Danger level Heavy Rain
वाराणसी.Water level at Varanasi Ghats reached at Danger level Heavy Rain. कई दिनों से पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बारिश का असर मैदानी इलाकों में देखने को मिल रहा है। झमाझम बरसात (Heavy Rain) के बाद नदियों का जलस्तर बढ़ गया है। वाराणसी में गंगा (Varanasi Ghats) किनारे रह रहे लोगों के लिए बढ़ता जलस्तर खतरे के निशान पर आ गया है। घाटों का संपर्क भी आपस में टूट गया है। हरिश्चंद्र और मणिकर्णिका घाट पर शवदाह स्थल भी बदल दिए गए हैं। गंगा में उफान में आने के बाद वाराणसी में जल पुलिस ने गंगा में नौका संचालन अगले आदेश तक के लिए बंद कर दिया है। जल पुलिस की ओर से कहा गया कि दो दिनों से गंगा का जलस्तर अकस्मात तेजी से बढ़ने लगा है, पानी का वेग तेज होने से हादसे की संभावनाओं से इंकार नहीं किया जा सकता। ऐसे में बाढ़ को देखते हुए गंगा में नौका संचालन पर अग्रिम आदेश तक रोक लगाई गई है। उधर, लोगों ने भी दूसरी सुरक्षित जगह पलायन करना शुरू कर दिया है।
लोगों ने शुरू किया पलायन
केंद्रीय जल आयोग के अनुसार पहाड़ों पर हो रही तेज बरसात के कारण मिर्जापुर, बनारस, गाजीपुर और बलिया में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। पूर्वांचल के जिलों में आठ सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ोत्तरी हो रही है। रविवार सुबह गंगा का जलस्तर 64.36 मीटर दर्ज किया गया। शनिवार को गंगा का जलस्तर 63.04 मीटर दर्ज किया गया था। बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन ने गंगा किनारे रहने वाले लोगों व जिलों के लिए अलर्ट जारी कर दिया है। इधर, गंगा के उफान को देख लोगों ने पलायन करना शुरू कर दिया है। बारिश से बचाव के लिए तैयारियां भी अभी से शुरू कर दी गई हैं।
तेजी से बढ़ रहा जलस्तर
ललिता घाट और मणिकर्णिका घाट पर निर्माण कार्य चल रहा है। घाट पर रखा गया मलबा पानी में समा गया है। गंगा में तेजी से बढ़ाव का सिलसिला 28 जुलाई की रात से आरंभ हुआ। लगातार बारिश के कारण 29 से 30 जुलाई के बीच बढ़ाव की गति काफी तेज हो गई। इस बीच गंगा के जलस्तर में 02.04 मीटर का इजाफा देखा गया। इसके बाद 30 से 31 जुलाई के बीच गंगा के पानी में 52 सेंटीमीटर ही वृद्धि हुई।
Updated on:
2 Aug 2021, 4:51 PM IST
Published on:
2 Aug 2021, 4:51 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.