18 अक्टूबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

कोटा
बड़ी खबर: अब दिल और दिमाग पर हमला कर रही गर्मी, राजस्थान में ब्रेन अटैक से युवक की मौत, रोजाना 4 लोगों को ब्रेन हैमरेज
Play video

बड़ी खबर: अब दिल और दिमाग पर हमला कर रही गर्मी, राजस्थान में ब्रेन अटैक से युवक की मौत, रोजाना 4 लोगों को ब्रेन हैमरेज

हाड़ौती में इन दिनों पारा 47 के पार पहुंच गया है। लू के थपेड़े पड़ रहे है। गर्मी सितम ढा रही है। गर्मी का सीधा असर दिल-दिमाग पर पड़ रहा है। जिस कारण हार्ट व ब्रेन अटैक के मामले बढ़े है।
Google source verification

कोटा

•

image

Zuber Khan

•

Jun 03, 2019

कोटा. हाड़ौती में इन दिनों पारा 47 के पार पहुंच गया है। लू के थपेड़े पड़ रहे है। गर्मी सितम ढा रही है। हालात यह है कि लोग गंभीर बीमारियों की चपेट में आने लगे हैं। गर्मी का कहर इंसानी जिंदगी पर इस कदर भारी पड़ रहा है की इसका सीधा असर दिल-दिमाग पर पड़ रहा है। जिस कारण हार्ट व ब्रेन अटैक के मामले बढ़े है। अस्पतालों में ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ रही है।

weather Update : आसमान से बरस रहे अंगारे, भट्टी की तरह तपा कोटा, हाड़ौती 47 डिग्री पार

ब्रेन अटैक से युवक की मौत
एमबीएस अस्पताल के मेडिसिन आईसीयू में वर्तमान में दो मरीज ब्रेन अटैक के भर्ती है। जबकि लाखेरी निवासी 30 वर्षीय एक युवक की बुधवार को ब्रेन अटैक से मौत हो गई। उसे बुधवार सुबह गंभीर हालात में इमरजेंसी मेडिसिन वार्ड में भर्ती कराया गया था। चिकित्सकों के अनुसार, बुधवार दोपहर को ही ब्रेन अटैक से उसकी मौत हो गई।

Read More: शराब ठेकेदारों से 60 हजार महीना और तस्करों से 5 हजार रोजाना वसूलती है कोटा पुलिस, पढि़ए देसी और अंग्रेजी का क्या है रेट कार्ड

इनके दिमाग पर गर्मी ने किय हमला

1.रामगंजमंडी निवासी ओमप्रकाश महावर पांच दिन पहले घर पर था। उसके हाथ-पैर ने अचानक काम करना बंद कर दिया। परिजन कोटा मेडिकल कॉलेज अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हुआ। उसे एमबीएस अस्पताल रैफर किया। यहां मेडिसिन आईसीयू में भर्ती किया गया। उसके भाई सत्यनारायण ने बताया कि ओमप्रकाश को अचानक गर्मी ने दिमाग पर असर किया।


2. केशवरायपाटन क्षेत्र के गामछ गांव निवासी गोपाल (60) शनिवार दोपहर 12 बजे घर की गली में चक्कर खाकर गिर गए। हाथ-पैर जाम हो गए। बेहोशी की हालत में चार जने उठाकर अस्पताल लाए, फि लहाल इमरजेंसी मेडिसिन वार्ड में भर्ती है।

Read More: खुलासा: कोटा पुलिस ही बिकवाती है अवैध शराब, होम डिलीवरी से लेकर घर में बिठाकर पिलाने की देती है सुविधा

3. रामगंजमंडी निवासी सलीम पेशे से चालक है, तीन दिन पहले घर पर अचानक ब्लड प्रेशर बढ़ा। उसके परिचित ने बताया कि ब्लड प्रेशर बढऩे से दिमाग की नस फ ट गई। हाथ-पैर ने काम करना बंद कर दिया। एमबीएस अस्पताल के मेडिसिन आईसीयू में भर्ती है, उपचार चल रहा है।


4. स्टेशन के सोगरिया निवासी मोहनलाल ( 55) दोपहर के समय मजदूरी पर गया था। अचानक घबराहट व शरीर में अकडऩ हुई। उनके साथी तुंरत अस्पताल लेकर पहुंचे। मोहनलाल का इमरजेंसी मेडिसिन वार्ड में इलाज जारी है।

Read More: अजय हत्याकांड: चाचा ने धंधे से हटाया तो खून का प्यासा बना भतीजा, दुशमन से मिलाया हाथ और कर दिया रिश्तों का कतल

एक्पर्ट से जाने-दिल और दिमाग के लिए कितना खतरनाक है तापमान
हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. साकेत गोयल ने बताया कि गर्म तापमान दिल के लिए उतना ही बुरा होता है, जितना अत्यधिक ठंड। खासकर जहां तापमान 44 डिग्री पार कर जाता है। गर्मी के कारण पानी की कमी से विशेष युवा वर्ग में दिल के दौरे बढ़ जाते है। डी-हाइड्रेशन की वजह से बॉडी में सोडियम और पोटाशियम की कमी हो जाती है। इनके असंतुलन से हार्ट का रिदम बिगड़ जाता है। बॉडी में पर्याप्त पानी की कमी से खून गाढ़ा हो जाता है और हार्ट को खून पंप करने में परेशानी होती है। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों 21 वर्षीय एक युवक को हार्ट अटैक के साथ ब्रेन स्ट्रोक भी हो गया था।

Read More: शराब का अवैध कारोबार पर कब्जा जमाने के लिए की अजय की हत्या, चाचा को मौत के घाट उतारने को भतीजे ने बनाई गैंग

एमबीएस अस्पताल के सीनियर फिजिशियन निर्मल शर्मा ने बताया कि इन दिनों गर्मी का प्रकोप बढ़ रहा है। जिसके चलते अस्पतालों में ब्रेन अटैक के मामले भी बढ़े हैं। रोज गंभीर हालात में मरीज भर्ती हो रहे हैं। बॉडी में पानी के साथ ही सोडियम और पोटाशियम की कमी रह जाती है। इससे यह बीमारी होती है। इसमें नसें भी जाम हो जाती है। 30 से 36 साल के युवा वर्ग व बुजुर्गों में यह बीमारी बढ़ रही है।

Read More: हैवानियत: शराब ठेकाकर्मियों ने युवक के सिर पर मारी बीयर की बोतलें, फूटने के बाद मुंह में ठूंसी, दांत टूटे, जबाड़ा कटा

गर्मी में ये सावधानी बरतें
-दोपहर 12 से 3 बजे के बीच बाहर जाने से बचें।
-सूती हल्के रंग के कपड़े पहनें।
-सिर पर टोपी और धूप का चश्मा पहनें।
-हवादार मौजे व जूते पहने।
-व्यायाम के पहले व बाद में कुछ पानी पीएं।
-छाछ, दही व अन्य ठंडी चीजों का सेवन अधिक से अधिक करें।
-दिनभर में खूब पानी पिएं।