
नई दिल्ली। पाकिस्तान ( Pakistan ) हमारा पड़ोसी मुल्क है और हर किसी इंसान की फितरत होती है कि पड़ोसी के घर में ताक-झांक करने की। कुछ ऐसा ही सिलसिला भारत और पाकिस्तान के दरम्यान अक्सर देखने को मिलता है और यहीं वजह भी है कि दोनों देश एक-दूसरे में खूब दिलचस्पी रखते है।
अब अगर पाकिस्तान में कोई हैरान कर देने वाली जगह हो और उसकी बात न हो भला ऐसा कहां मुमकिन है। यहां एक एक ऐसा किला ( Fort ) मौजूद है, जिसे दुनिया के सबसे बड़े किले के तौर पर जाना जाता है। यह किला पाकिस्तान के सिंध प्रांत के जमशोरो में किर्थर रेज के लक्की पहाड़ पर है।
इस किले को रानीकोट फोर्ट ( Ranikot Fort ) कहा जाता है। कई लोग इसे 'सिंध की दीवार' भी कहते है। यह किला 32 किलोमीटर की दूरी में फैला हुआ है। इस किले की दीवार की तुलना चीन की दीवार से की जाती है, जिसकी लंबाई 6400 किलोमीटर है।
एक अनुमान के मुताबिक यह किला 20वीं सदी की शुरुआत में बनाया गया था। कोई कहता है कि इस किले को सन् 836 में सिंध के गर्वनर रहे पर्सियन नोबल इमरान बिन मूसा बर्मकी ने कराया था, हालांकि पुख्ता तौर पर इसके निर्माण काल के बारे में कुछ भी नहीं कहा जा सकता।
पाकिस्तान में स्थित इस किले को यूनेस्को ( UNESCO ) ने भी विश्व धरोहर स्थलों ( World Heritage Sites ) की अस्थायी सूची में शामिल है। साल 1993 में इसे पाकिस्तान के नेशनल कमीशन फॉर यूनेस्को द्वारा विश्व धरोहर स्थल का दर्जा देने के लिए नामित किया गया था।
किले में चार मुख्य गेट हैं। जिन्हें सैन गेट, अमरी गेट, शाह-पेरी गेट और मोहन गेट के नाम से जाना जाता है। इस किले के भीतर ही एक छोटा सा किला भी है, जिसे 'मिरी किला' ( Miri Fort ) कहा जाता है। सैन गेट से मिरी किला लगभग तीन किलोमीटर दूर स्थित है।
Published on:
05 Mar 2020 09:52 am
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