दरअसल, 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद क्षेत्र में संघर्ष बढ़ गया था, जिसके चलते ईरान का एयरस्पेस काफी हद तक बंद कर दिया गया था। हालांकि, फिलहाल दोनों देशों के बीच संघर्षविराम लागू है, लेकिन यात्रा और सुरक्षा को लेकर स्थिति अभी भी अनिश्चित बनी हुई है।