
लिपिक वर्गीय कर्मचारी संघ के प्रांतीय संघ के आह्वान अपनी मांगों के समर्थन में जिले के लिपिक वर्गीय कर्मचारियों की हड़ताल जारी हैं।
आगर-मालवा. लिपिक वर्गीय कर्मचारी संघ के प्रांतीय संघ के आह्वान अपनी मांगों के समर्थन में जिले के लिपिक वर्गीय कर्मचारियों की हड़ताल जारी हैं। शुक्रवार को गुरुपूर्णिमा के अवसर पर लिपिक कर्मचारियों ने केवड़ा स्वामी एवं चिंतामण गणेश मंदिर पर पहुंचकर शासन को सद्बुद्धि देने की कामना की।
जिलाध्यक्ष भुपेन्द्र भटनागर ने बताया कि मप्र शासकीय लिपिक वर्गीय कर्मचारी संघ विगत कई वर्षों से अपनी वेतन विसंगती एवं 23 अनुशंसित मांगों के संबंध में बार-बार मांग करने पर भी शासन द्वारा मांगों की उपेक्षा कर रही है। सांकेतिक उपाय किए जाने के बाद भी सरकार द्वारा लिपिकों की अनुशंसित मांगों पर विचार नहीं किए जाने पर यह अनिश्चितकालिन हड़ताल की जा रही है। जब तक मांगो का निराकरण नही हो जाता हड़ताल जारी रहेगी। लिपिक कर्मचारियों की हड़ताल के चलते कलेक्टर कार्यालय, शिक्षा विभाग, कोषालय, जल संसाधन, लोक निर्माण, लोक स्वास्थ यांत्रिकी, जिला परिवहन, जनपद, जिला पंचायत सहित अन्य विभागों कार्यालयीन कामकाज प्रभावित हो रहे है।
इस अवसर पर महेन्द्र जैन, सतीश सोनी, मनमोहन बांगर, रमेशचंद मालवीय, आरसी भिलाला, कैलाश शर्मा, आनंद बागदरेकर, चतुर्थश्रेणी कर्मचारी संघ जिलाध्यक्ष जिलाध्यक्ष कालूसिंह यादव आदि उपस्थित थे।
स्वीकृति जारी
विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र विकास योजनांतर्गत विधायक मुरलीधर पाटीदार की अनुशंसा पर कलेक्टर अजय गुप्ता ने सुसनेर के ग्राम सेमलखेड़ी में ग्रेवल सड़क निर्माण कार्य स्वीकृत करते हुए ५ लाख रुपए की प्रशासकीय स्वीकृति जारी की गई है।
जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक सोमवार दोपहर 1 बजे कलेक्टोरेट में कलेक्टर अजय गुप्ता की अध्यक्षता में आयोजित की जाएगी। बैठक में सड़क सुरक्षा गतिविधियों की निगरानी, सड़क दुर्घटनाओं के आंकड़ों की निगरानी, दुर्घटना के कारणों की पहचान एवं अध्ययन, सड़क सुरक्षा मानकों का कार्यांवयन करना, दुर्घटना कमी के लिए विशिष्ठ लक्ष्यों के साथ जिले के लिए सड़क सुरक्षा कार्य योजना तैयार की जाएगी।
गोठड़ा में बन रहे कुंडालिया डैम के विवाद थम नहीं रहे हैं। शुक्रवार को एक और गांव कोटड़ी का रास्ता बंद हो गया। ग्रामीण रोजमर्रा की वस्तुओं के लिए भी तरस गए। जो बच्चे नगर के स्कूल आते थे वे नहीं आ सके। ग्रामीणों ने प्रशासन पर आरोप लगाये है कि हमें पहले बताया था कि इस वर्ष डैम में पानी नहीं रोका जाएगा परंतु प्रशासन ने वादा नहीं निभाया और पानी रोक दिया। हमने डैम के गेट खोलने के लिये ज्ञापन दिया है।ग्रामीणों का कहना है अधिकांश लोगों को जमीन व मकान का मुआवजा नहीं मिला है। अधिकारियों ने बताया कहा था कि आपको जल्द ही ब्याज सहित मुआवजा मिलेगा।
Published on:
28 Jul 2018, 9:00 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.