होगा निरीक्षण
पूर्वी गेट के दोनों ओर फतेहाबाद रोड तक निरीक्षण होगा। कमिश्नर ने सड़क के दोनों ओर मकानों की दीवारों को एकरूप से बनवाने, उन पर एक जैसा प्लास्टर व पेंट कराने और ड्राइंग कराने को कहा है। इस पर खर्च होने वाला पैसा एडीए द्वारा दिया जाएगा। इसमें कोई बाधा नहीं आए, इसलिए उन्होंने काम की शुरुआत से पहले भवन स्वामियों से वार्ता करने के लिए कहा है। ताज के 500 मीटर के दायरे में मकानों की दवारों को यूनिफार्म तरीके से बनाना आसान नहीं होगा। ताजगंज प्रोजेक्ट में काम को सुप्रीम कोर्ट से अनुमति ली गई थी। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के एक्ट के अुनसार भी स्मारक की 100 मीटर की परिधि में कोई निर्माण नहीं हो सकता है। वहीं इस दायरे के बाहर 200 मीटर क्षेत्र में अनुमति मिलने के बाद ही काम हो सकेगा।