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Ahmedabad: शहर के पूर्वी भाग में 600 मिमी की लाइन नई ट्रंक लाइन से जुड़ी, 2.25 लाख लोगों को मिलेगी राहत

अहमदाबाद महानगरपालिका (मनपा) ने शुक्रवार को ठक्करबापानगर क्षेत्र स्थित जीवणवाड़ी ड्रेनेज पंपिंग स्टेशन की मौजूदा 600 मिमी व्यास की राइजिंग लाइन को माइक्रो टनलिंग तकनीक से बिछाई गई नई ट्रंक मेन लाइन से सफलतापूर्वक जोड़ दिया।
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अहमदाबाद

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Omprakash Sharma

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Updated: 30 Oct 2026, 10:03 PM IST

Ahmedabad news

अहमदाबाद शहर में 600 मिमी की नई ट्रंक लाइन जोड़ने का कार्य।

Ahmedabad. शहर के पूर्वी भाग में लंबे समय से ड्रेनेज चोकिंग, गंदे पानी के बैक फ्लो और बार-बार लीकेज की समस्या से जूझ रहे लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है। इस लाइन के चलते इलाके के विविध भागों में लोगों को समस्या से राहत मिले सकेगी।

अहमदाबाद महानगरपालिका (मनपा) ने शुक्रवार को ठक्करबापानगर क्षेत्र स्थित जीवणवाड़ी ड्रेनेज पंपिंग स्टेशन की मौजूदा 600 मिमी व्यास की राइजिंग लाइन को माइक्रो टनलिंग तकनीक से बिछाई गई नई ट्रंक मेन लाइन से सफलतापूर्वक जोड़ दिया। इस काम से तीन वार्डों की करीब 2.25 लाख आबादी को लाभ मिलने का अनुमान है।

इस कनेक्शन से नई ट्रंक मेन लाइन की अधिक क्षमता का उपयोग हो सकेगा। इससे जीवणवाड़ी पंपिंग स्टेशन को आवश्यक क्षमता के अनुसार संचालित कर गंदे पानी की निकासी अधिक प्रभावी ढंग से की जा सकेगी।

मनपा के अनुसार निकोल, गोपाल चौक, ठक्करबापानगर और विराटनगर सहित आसपास के क्षेत्रों में ड्रेनेज चोकिंग और बैकफ्लो की समस्या कम करने में मदद मिलेगी। राइजिंग लाइन में बार-बार होने वाले लीकेज से भी राहत मिलने की उम्मीद है। इस क्षेत्र में आए दिन लाइन चोकअप होने की शिकायत होती थी जिससे निजात मिलने की संभावना है।

पुरानी लाइन का भार होगा कम

अब तक आसपास के क्षेत्रों के ड्रेनेज पानी की निकासी का भार जशोदानगर-नरोडा हाईवे के पास से गुजर रही 1600 मिमी व्यास की पुरानी ट्रंक मेन लाइन पर था। जीवणवाड़ी पंपिंग स्टेशन की लाइन नई ट्रंक मेन लाइन से जुड़ने के बाद पुरानी लाइन पर भार कम होगा।पुरानी लाइन के रिहैबिलिटेशन का रास्ता साफनई माइक्रो टनलिंग लाइन की ओर ड्रेनेज प्रवाह मोड़ने से पुरानी ट्रंक मेन लाइन के रिहैबिलिटेशन यानी पुनर्वास का काम भी किया जा सकेगा। इससे निकोल और आसपास के क्षेत्रों की ड्रेनेज निकासी व्यवस्था मजबूत करने में मदद मिलेगी।