
बालाजी के चोला चढ़ाना है ! सात साल करें इंतजार
अजमेर. शहर में बालाजी का एक ऐसा मंदिर भी है, जहां चोला चढ़ाने के लिए भक्तों को अग्रिम बुकिंग करानी पड़ती है। फिलहाल वर्ष 2016 में बुकिंग कराने वाले भक्तजन भगवान को चोला अर्पित कर रहे हैं। यानि चोला चढ़ाने की रफ्तार यही रही तो आज बुकिंग कराने वाले हनुमान भक्तों को सात वर्ष के बाद चोला चढ़ाने का अवसर प्राप्त होगा। भविष्य में चोला चढ़ाने वालों की सूची में कई सरकारी अफसरों और बड़े उद्योगपतियों के नाम शामिल हैं।
घर भेजा जाता है पत्रबालाजी के इस मंदिर के प्रति भक्तों की अपार आस्था है। बुकिंग करवाने वाले भक्त को उनके लिए निर्धारित तिथि की सूचना पत्र के माध्यम से उनके घर भेजी जाती है। मोबाइल व दूरभाष पर भी सूचना दी जाती है। संबंधित तिथि पर भक्त माला, प्रसाद अगरबत्ती, पान का बीड़ा लेकर पहुंचते मंदिर पहुंचते हैं। बालाजी की प्रतिमा को हरिद्वार से मंगवाए गए गंगाजल से स्नान कराने के बाद चोल चढ़ाया जाता है।
50 से 60 बुकिंग पेंडिंगकई भक्त एक माह तक के लिए तो कुछ 15 दिन के लिए चोला चढ़वाते हैं। श्राद्ध पक्ष में चोला नहीं चढ़ता है। अभी करीब 50 से 60 बुकिंग पेंडिंग चल रही है। हर मकर संक्रांति से पूर्व खाताबही (रजिस्टर) को मेंटेन किया जाता है।
60 साल से देखरेखबालाजी का यह मंदिर बजरंगगढ़ पर िस्थत है। मंदिर की देखरेख कंवरसेन हमीरमल लोढ़ा परिवार करता है। मंदिर के मुख्य प्रबंधक रणजीतमल लोढ़ा ने बताया कि मंदिर उनके परिवार की निजी संपत्ति है। पिछले 60 साल से वे ही देखरेख कर रहे हैं। सुबह 9 से 11 बजे तक वे मंदिर स्थित कार्यालय में इस व्यवस्था को देख रहे हैं।
Updated on:
06 Apr 2023 02:28 am
Published on:
06 Apr 2023 02:28 am
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