
teacher feternity
अजमेर.
कोरोना वायरस संक्रमण के चलते देश के कई राज्यों में लॉक डाउन है। इसके चलते यूजीसी ने विश्वविद्यालय और कॉलेज शिक्षकों को होमवर्क दिया है। इधर कॉलेज शिक्षा निदेशालय ने भी शिक्षकों को कई कार्य दिए हैं।
यूजीसी के सचिव अमित खरे ने बताया कि कोरोना वायरस संक्रमण के चलते देशभर में कॉलेज-यूनिवर्सिटी बंद हैं। शिक्षकों को 31 मार्च तक घर पर रहकर कामकाज करना है। इसके तहत वे ई-कंटेंट, ई-लेक्चर तैयार कर सकते हैं। सत्र 2020-21 का अकादमिक प्लान, विषयवार पढ़ाए जाने वाले टॉपिक तैयार कर सकते हैं। शोध के लिए पेपर और आर्टिकल लिख सकते हैं।
विद्यार्थियों के सहायतार्थ प्रश्न बैंक तैयार किए जा सकते हैं।निदेशालय ने भी दिया कार्यकॉलेज शिक्षा निदेशालय ने राज्य के शिक्षकों को होमवर्क दिया है। आयुक्त प्रदीप बोरड़ ने बताया कि प्राचार्य और शिक्षक इस अवधि में सिलेबस से प्रश्न पत्र तैयार करेंगे। यह विद्यार्थियों को उपलब्ध कराए जाएंगे। विषयवार मॉडल प्रश्नों के उत्तर भी तैयार करेंगे। इन्हें विद्यार्थियों को ऑनलाइन उपलब्ध कराया जा सकता है।
1 अप्रेल से शुरू होगा या नहीं स्कूल में नया सत्र?
अजमेर. सीबीएसई से सम्बद्ध स्कूल में नया सत्र शुरू होगा या नहीं इसको लेकर संशय की स्थिति है। अव्वल तो 31 मार्च तक राजस्थान सहित कई राज्यों में कोरोना वायरस के चलते लॉकडाउन किया गया है। इस दौरान स्कूल भी बंद रहेंगे। स्थिति सामान्य हुए बगैर सरकार कोई जोखिम नहीं लेगी। लिहाजा 1 अप्रेल से ही सत्र 2020-21 शुरू होना मुश्किल लग रहा है।
Published on:
24 Mar 2020 07:01 am
