
farooq abdullah in ajmer
अजमेर.
जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूख अब्दुल्ला ने कहा कि मैंने कभी नहीं कहा कि राम मंदिर नहीं बने। उन्होंने कहा कि राम और रहीम में लड़ाई नहीं है। लड़ाई तो हम लोग कर रहे हैं। जबकि भारत की बुनियाद ही अनेकता में एकता पर है। वे रविवार को अजमेर के सर्किट हाऊस में पत्रकारों से बात कर रहे थे।
कश्मीर एक राजनीतिक समस्या
पूर्व मुख्यमंत्री फारूख अब्दुल्ला ने कहा कि राम और रहीम तो सबके हैं। राम केवल हिन्दूओं के नहीं बल्कि पूरे विश्व के राम है। तो सबके राम है। वैसे ही अल्लाह केवल मुस्लमानों के नहीं है। वे सबके हैं। उन्होंने कहा कि कश्मीर एक राजनीतिक समस्या है। हमारा बहुत बड़ा हिस्सा पाकिस्तान के पास है। जब तक पाकिस्तान के साथ बात नहीं होगी। कश्मीर समस्या का हल नहीं होगी। क्योंकि आतंकवाद पाकिस्तान से आता है। कश्मीर समस्या का हल नहीं होना पाकिस्तान के लिए भी मुसीबत है। कश्मीर समस्या के चलते पाकिस्तान बर्बाद हो जाएगा। मुझे उम्मीद है जब केन्द्र में नई सरकार आएगी तब बात होगी।
कश्मीर में एक साथ हो लोकसभा-विधानसभा चुनाव
कश्मीर में चुनावों के बारे में पूछे जाने पर पूर्व मुख्यमंत्री फारूख अब्दुल्ला ने कहा कि कश्मीर में लोकसभा और विधानसभा के चुनाव एक साथ होंगे तो कश्मीर के लोगों को फायदा होगा। एक तो चुनावों के लिए इंतजाम एक बार ही करनी होगी। दूसरा कश्मीर पर्यटन एक प्रमुख व्यवसाय है। इसलिए उनका व्यवसाय प्रभावित नहीं होगा।
ममता से घबराई केन्द्र सरकार
हाल ही में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और केन्द्र सरकार के बीच हुए विवाद को लेकर उन्होंने कहा कि दिल्ली की सरकार ममता बनर्जी की रैली के बाद उनसे घबरा चुकी है। इसलिए राजनीतिक हथकंडे अपना रही है। इससे पूर्व अब्दुल्ला ने ख्वाजा साहब की दरगाह की जियारत की। उन्हें खादिम फखरे मोईन ने जियारत कराई।
Published on:
10 Feb 2019, 9:05 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.