30 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

नकदी की कमी से प्रभावित होगा कारोबार, 20 करोड़ से ज्यादा का पड़ेगा असर

स्थानीय व्यापार की टूटेगी कमर
less than 1 minute read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

अजमेर

•

image

Amit Kakra

•

Updated: 10 Sep 2019, 12:19 PM IST

Kishangarh business will be down due to shortage of cash

नकदी की कमी से प्रभावित होगा कारोबार, 20 करोड़ से ज्यादा का पड़ेगा असर

मदनगंज-किशनगढ़. Kishangarh
कृषि उपज मंडी (krishi mandi kishangarh) में फसलों (crop) का नकद में भुगतान (Payment in cash) नहीं करने का स्थानीय व्यापार पर बड़ा असर पड़ेगा। इससे किसानों की ओर से होने वाली स्थानीय खरीद प्रभावित होगी। साल भर में इससे करीब 20 करोड़ रुपए से ज्यादा का व्यापार प्रभावित होगा।
किशनगढ़ कृषि उपजमंडी (kishangarh mandi) में वर्ष भर में करीब दो सौ करोड़ रुपए का व्यापार होता है। इस रकम का करीब 10 से 15 प्रतिशत किसान बाजार में खर्च कर देते है। हाथ में नकदी आने के कारण किसान स्थानीय बाजारों का रूख करते है। इस दौरान खाद, बीज, कीटनाशक, कृषि उपकरण, किराणा, खल, ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रोनिकस सहित स्थानीय बाजार से रोजमर्रा की अन्य वस्तुएं खरीद कर ले जाते है। पूरे वर्ष में करीब 20 करोड़ रुपए से ज्यादा किसान यहां खर्च कर जाते है।
इन पर पड़ेगा असर
खाद (ferilizers), बीज (seeds), कीटनाशक (pesticides), कपड़े, कृषि उपकरण, किराणा, खल, चारा, हार्डवेयर, इलेक्ट्रोनिक्स, आोटोमोबाइल सहित अन्य। इनमें सबसे ज्यादा कृषि संबंधित व्यापार है। नकद नहीं होने के कारण किसानों के हाथ में रकम नहीं होगी। वे बैंक से रकम निकलवाकर अपने आसपास के बाजारों से खरीद को प्राथमिकता देेंगे। इससे यह व्यापार प्रभावित होगा।

स्थानीय बाजारों को मिलेगी तरजीह
किसान करीब 10 से 15 प्रतिशत तक पैसा वापस खर्च करके जाते है। नकद भुगतान नहीं होने से यह व्यापार प्रभावित होगा। किशनगढ़ के आसपास के क्षेत्र के किसान तो वापस आ सकते है। लेकिन दूर के किसान अपने पास स्थित बाजारों से ही खरीददारी को तरजीह देते है। हालांकि अगले वर्ष इसमें सुधार की उम्मीद है।
मूलचंद तोषनीवाल, खाद बीज के व्यापारी