29 अक्टूबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

पुलिस महानिदेशक यादव बोले : साइबर क्राइम की चुनौतियां गंभीर,पुलिस निबटने में सक्षम

अजमेर आए पुलिस महानिदेशक ने जताई चिंता, अपराध और बदमाशों ने बदले तरीके, पुलिसकर्मियों को इससे निबटने के लिए उच्च तकनीक देकर बनाया जा रहा है सक्षम
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

अजमेर

•

image

Suresh Bharti

•

Updated: 11 Jan 2020, 1:00 AM IST

पुलिस महानिदेशक यादव बोले : साइबर क्राइम की चुनौतियां गंभीर,पुलिस निबटने में सक्षम

आरपीएससी में विभागीय पदोन्नति के लिए आए पुलिस महानिदेशक भूपेंद्र यादव।

अजमेर. पुलिस महानिदेशक डॉ. भूपेन्द्र यादव ने चिंता जताई कि प्रदेश में अपराधी काफी चतुर हो गए हैं जो अपराध करने में नए-नए तरीके अपना रहे हैं। ऑनलाइन ठगी के मामलों में अचानक वृद्धि हो रही है।

इन पर लगाम लगाने के लिए पुलिस भी तैयार है। किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। राजस्थान पुलिस आधुनिक तकनीक में पारंगत की जा रही है।

अपराधियों के नाक में नकेल डालने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। शुक्रवार को अजमेर आए पुलिस महानिदेशक डॉ. यादव ने मीडिया से रूबरू होते हुए कहा कि परम्परागत डकै ती-चोरियों ने अब साइबर और ऑनलान क्राइम की शक्ल अख्तियार कर ली है। इसके अनुसार पुलिसकर्मियों की तकनीकी दक्षता और प्रशिक्षण पर सर्वाधिक जोर है। काफी हद तक यह पुुलिस का पुर्नगठन भी कहा जा सकता है।

ढाई दशक में बदले अपराध के तरीके

राजस्थान लोकसेवा आयोग में डीपीसी के लिए आए डॉ. यादव ने कहा कि पिछले २५-३० साल में प्रदेश में अपराध और अपराधियों की प्रवृत्ति में बदलाव हुआ है। डकैती, चोरियों के साथ अब ऑनलाइन ठगी, हैकिंग, सोशल साइट्स पर ब्लैकमेलिंग जैसी घटनाए बढ़ रही हैं। पुलिस भी इन चुनौतियों से वाकिफ है। पुलिस अधिकारियों-कार्मिकों को साइबर क्राइम से निबटने का प्रशिक्षण, हाइटेक तकनीकी उपकरणों की व्यवस्था पर सर्वाधिक जोर है। अभय कमांड सेंटर, साइबर सेल और उच्च टेक्नोलॉजी स्मार्ट पुलिसिंग का हिस्सा है।

रिक्त पदों पर नियुक्ति के प्रयास

प्रदेश में पुलिस अधिकारियों और थानों में स्टाफ की कमी के सवाल पर डॉ. यादव ने कहा कि सभी पदों पर भर्ती जैसी आदर्श स्थिति आसान नहीं है। फिर भी भर्तियों-पदोन्नति का दौर जारी है। सब-इंस्पेक्टर-प्लाटून कमांडर, कांस्टेबल भर्ती इसका ही हिस्सा है।

सामुदायिक सहयोग जरूरी

डॉ. यादव ने कहा कि आमजन की सुरक्षा पुलिस की साल २०२० की पहली प्राथमिकता है। मादक द्रव्यों पर अंकुश, किशोरों को नशे से दूर रखना, महिला-बालिका सुरक्षा और सडक़ सुरक्षाओं को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। सामुदायिक सहयोग के लिए पुलिस लोगों के बीच जा रही है।