
Allahabad High Court: महंत नरेन्द्र गिरी मौत मामले में आनंद गिरि की जमानत पर सुनवाई फिर से टली, जानिए क्यों
प्रयागराज: अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष रहे महंत नरेंद्र गिरी मौत मामले के आरोपी आनंद गिरी की जमानत अर्जी पर एक बार फिर से सुनवाई टल गई। इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई नहीं हो सकी। हत्याकांड में आरोपी शिष्य आनंद गिरि की तरफ से उनके वकीलों ने कोर्ट से समय की मांग की । कोर्ट ने एक अप्रैल को सुनवाई करने का निर्देश दिया है।नरेंद्र गिरि में सीबीआई ने पहले ही जवाब दाखिल कर दिया है। आनंद गिरी पर महंत नरेंद्र गिरी को आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप है। निचली अदालत ने महंत आनंद गिरी की जमानत पहले ही खारिज कर दिया है। जिसके खिलाफ आनंद गिरी ने हाईकोर्ट में जमानत अर्जी दाखिल की है। लगातार हाईकोर्ट में किसी न किसी कारणों से सुनवाई टाल दी जा रही है।
कमरे को खोलने के लिए दी गई अर्जी
अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि की आत्महत्या के बाद से सील उनके कमरे को खोलने के लिए मठ बाघम्बरी गद्दी के महंत बलवीर गिरि ने कोर्ट में अर्जी दी। प्रभारी जिला जज एवं एससी-एसटी एक्ट के विशेष न्यायाधीश रामकेश ने प्रयागराज के जार्जटाउन थाना से आख्या तलब की है। मामले की अगली सुनवाई 22 मार्च को होगी।
सील हुए कमरे को खोलने के लिए दारागंज स्थित मठ बाघम्बरी गद्दी के महंत बलवीर गिरि ने कोर्ट में अर्जी दी है। याची के अधिवक्ता ऋषि शंकर द्विवेदी ने मामले में बहस की। अर्जी में कहा गया है कि मठ का कामकाज सुचारू रूप से संचालित करने के लिए जिस कमरे में महंत नरेंद्र गिरि की मृत्यु हुई थी, उसमें बंद ताले को खोला जाए। मौत के बाद से ही मठ के संचालन कार्य के लिए प्रबंधकीय अधिकार बलवीर गिरि को प्राप्त हैं, सभी विधि परंपरागत धार्मिक रीति रिवाज अनुष्ठान आदि पूर्ण कार्रवाई संपन्न हो चुकी है। मठ के महंत होने के नाते सभी कागजातों के अवलोकन करने एवं उसे सुरक्षित रखने का पूर्ण अधिकार है।
पंखे में रस्सी से लटकते मिले थे महंत
20 सितंबर 2021 को महंत नरेंद्र गिरि पंखे में रस्सी द्वारा लटकते हुए पाए गए थे। आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में आनंद गिरि, संदीप तिवारी और आद्या प्रसाद जेल में बंद है। मामले में आरोपी जमानत के लिए न्यायालय में दरबाजा खटका रहे हैं।
Updated on:
16 Mar 2022 12:24 pm
Published on:
16 Mar 2022 12:24 pm
