
Surguja Murder Case, अंबिकापुर न्यायालय (Photo- Patrika)
अंबिकापुर। जमीन का एक हिस्सा छोटी बहू के नाम करने पर बड़ा बेटा इतना नाराज हुआ कि उसने पिता की हत्या (Father murder in Surguja) कर दी थी। मामला नवंबर 2025 का है। आरोपी पुत्र अंबिकापुर में नौकरी करता था। जबकि पिता छोटे बेटे व बहू के साथ गृहग्राम सीतापुर थाना क्षेत्र में रहता था। जब उसे पता चला कि पिता ने जमीन का कुछ हिस्सा छोटी बहू के नाम कर दिया है तो वह घर पहुंचा। पिता के नहीं मिलने पर वह उसे खोजने निकला। इस दौरान पिता सब्जी बेचकर लौट रहा था। इसी बीच रास्ते में उसने पिता की डंडे से बेदम पिटाई कर दी। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इसमें गुरुवार को फैसला सुनाते ही प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश अंबिकापुर ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा से दंडित किया है।
सरगुजा जिले के सीतापुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गुतुरमा निवासी रूपधर अजगले 55 वर्ष के दो बेटे हैं। बड़ा बेटा नेतराम अंबिकापुर में रहकर नौकरी करता था, जबकि रूपधर राम अपने गांव में छोटे बेटे व बहू के साथ रहता था। इस दौरान रूपधर राम ने जमीन का कुछ हिस्सा छोटी बहू के नाम कर दिया था। यह बात जब नेतराम को पता चली तो वह पिता से नाराज (Ambikapur murder case) रहने लगा था।
इसी बीच 10 नवंबर 2025 को वह गुतुरमा पहुंचा। रास्ते में पिता के मिलने पर वह जमीन देने की बात को लेकर पिता से विवाद करने लगा। पिता उसे समझाने की कोशिश कर रहा था, लेकिन उसके सिर पर खून सवार था।
इस दौरान गुस्से में उसने डंडे से पिता के सिर पर ताबड़तोड़ कई वार कर दिए थे, इससे वह लहूलुहान होकर वहीं गिर गया था। फिर कुछ ही देर बाद घर में ही उसकी मौत हो गई थी। पिता की हत्या करने के बाद वह भाग रहा था, इस दौरान वह गिरकर घायल हो गया था। मृतक के छोटे बेटे की रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल दाखिल कर दिया था।
मामले की सुनवाई प्रथम अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश अंबिकापुर (Ambikapur Court) कमलेश जगदल्ला के न्यायालय में चल रही थी। सुनवाई के दौरान आए साक्ष्यों के आधार पर दोषसिद्ध पाए जाने पर न्यायालय ने 17 सितंबर को आरोपी के खिलाफ अहम फैसला सुनाया। न्यायालय ने उसे आजीवन कारावास की सजा से दंडित किया है।
Updated on:
17 Sept 2026 09:07 pm
Published on:
17 Sept 2026 09:06 pm
