
Police in the hospital jail ward (Photo- Patrika)
अंबिकापुर. मेडिकल कॉलेज अस्पताल के जेल वार्ड से सोमवार की सुबह सुरक्षा में तैनात पुलिस कर्मी को चकमा देकर सजायापता बंदी फरार (Prisoner's escaped) हो गया। वह हत्या के मामले में केन्द्रीय जेल में बंद था। तबियत बिगडऩे पर उसे जेल प्रशासन द्वारा 4 अक्टूबर को मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया था। लापरवाही बरते जाने पर एसपी आरक्षक को सस्पेंड कर दिया गया है।
बिलासपुर जिले के ग्राम मलहार निवासी मुकेश कांत पिता हरिप्रसाद 41 वर्ष हत्या के मामले में आजीवन आजीवन कारावास की सजा बिलासपुर केन्द्रीय जेल में काट (Prisoner's escaped) रहा था। बिलासपुर जेल में क्राइम करने पर उसे वर्ष 2024 में केन्द्रीय जेल अंबिकापुर ट्रांसफर किया गया था। तब से वह यहां रह रहा था।
4 अक्टूबर को यूरिन संबंधित बीमारी की शिकायत पर केन्द्रीय जेल प्रशासन के निर्देश पर उसे मेडिकल कॉलेज अस्पताल अंबिकापुर में भर्ती कराया गया था। उसे जेल वार्ड में रखा गया था।
जेल वार्ड में जिला पुलिस बल की ड्यूटी लगी थी। सोमवार की सुबह ड्यूटी में पदस्थ आरक्षक द्वारा आरोपी को शौचालय में ले जाया गया था। इस दौरान सुरक्षा कर्मी को चकमा देकर फरार (Prisoner's escaped) हो गया।
काफी देर बाद भी जब वह शौचालय से बाहर नहीं निकला तो सुरक्षा में तैनात पुलिस कर्मी ने वहां जाकर देखा तो नदारद था। फिर पुलिसकर्मी ने बंदी के भागे जाने (Prisoner's escaped) की रिपोर्ट मणिपुर थाने में दर्ज कराई। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। वहीं मामले में लापरवाही पाए जाने पर एसपी राजेश अग्रवाल ने सुरक्षा में तैनात आरक्षक मदन लाल पैकरा को सस्पेंड कर दिया है।
Updated on:
06 Oct 2025 08:08 pm
Published on:
06 Oct 2025 08:08 pm
