कई इलाके में जलापूर्ति हुई लेकिन कम प्रेशर से पानी आने को लेकर लोग परेशान रहे।
अजमेर. गोयला के निकट 1500 एमएम की पाइप लाइन (pipe line) में हुए ब्रेकडाउन के चलते हाल में अजमेर शहर की जलापूर्ति (drinking water) व्यवस्था गड़बड़ाई रही। कई इलाके में जलापूर्ति हुई लेकिन कम प्रेशर से पानी आने को लेकर लोग परेशान रहे।
गोयला के निकट पाइप लाइन में ब्रेकडाउन (break down) के कारण बीते तीन-चार दिन में एस आर टैंक-7 पर स्थित 75 एमएल के टैंक में पानी का भंडारण (water storage) नहीं हो सका। ऐसे में जलदाय विभाग (PHED) ने 72 घंटे के अंतराल में जलापूर्ति (drinking water supply) का फैसला किया। इसके बावजूद भी शहर में जलापूर्ति व्यवस्था पटरी पर नहीं आई। जिन इलाकों में पानी आया वहां कम प्रेशर की शिकायत रही।
नहीं हुई सामान्य जलापूर्ति
अतिरिक्त मुख्य अभियंता पी. एल. वर्मा ने बताया कि पाइप लाइन (pipe line) में तकनीकी खराबी के चलते 72 घंटे में जलापूर्ति का फैसला लिया गया। विभाग लगातार टैंक-7 सहित अन्य जगह पेयजल स्टोरेज (water storage) कर रहा है। बीसलपुर की 12 सौ एमएम की पुरानी और स्टील की नई लाइन की जांच सहित अतिरिक्त पानी (extra water) का भंडारण जारी है। विभाग के तमाम दावों के बावजूद पिछले एक साल जलापूर्ति व्यवस्था सामान्य नहीं हुई है।
कोई वैकल्पिक इंतजाम नहीं
जलदाय विभाग के पास अजमेर के लिए कोई वैकल्पिक इंतजाम (alternative arrangement) नहीं है। यदि बीसलपुर लाइन (bisalpur line) ठप हो जाए तो शहर प्यासा ही रहेगा। अजमेर के आसापास के इलाकों में भी कोई बड़ा जलस्त्रोत (water body) नहीं है। फिर भी जलदाय विभाग दावा करता है कि शहर के सभी 282 जोन में एकाध दिन में जलापूर्ति (water supply) सामान्य रहती है। मालूम हो कि शहर में पर्याप्त जलापूर्ति के लिए 315 एमएलडी पानी की जरूरत पड़ती है।