
Ruby Ratna Ke Fayde: ज्योतिष शास्त्र में रूबी (Ruby Stone), जिसे माणिक्य भी कहते हैं, को रत्नों का राजा माना गया है। इसका सीधा संबंध सौरमंडल के राजा सूर्य ग्रह से है। माना जाता है कि यदि सही सलाह लेकर विधिपूर्वक माणिक धारण (Manik stone benefits in Hindi) किया जाए, तो यह व्यक्ति का आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता (Leadership) और समाज में मान-सम्मान रातों-रात बढ़ा सकता है। यदि आपकी कुंडली में सूर्य कमजोर स्थिति में है, तो ज्योतिषी अक्सर भाग्य परिवर्तन और ऊर्जा स्तर को सुधारने के लिए रूबी पहनने की सलाह देते हैं।
एस्ट्रोलॉजर शरद शर्मा के हिसाब से सिंह राशि पर सूर्य का राज चलता है। इसलिए, सिंह राशि वालों के लिए रूबी बहुत शुभ माना गया है। जिनकी कुंडली में सूर्य शुभ है पर कमजोर है, उनके लिए भी ये अच्छा हो सकता है लेकिन बगैर विशेषज्ञ की सलाह के नहीं पहनना चाहिए। हर किसी के लिए माणिक उपयुक्त नहीं रहता। सही फैसला ग्रहों की स्थिति देखकर ही लिया जाना चाहिए।
माणिक्य को आमतौर पर सोने या तांबे की अंगूठी में जड़वाकर रविवार के दिन सूर्योदय के समय पहनना चाहिए। धारण करने से पूर्व अंगूठी को गंगाजल और कच्चे दूध से शुद्ध करें, फिर 'ॐ घृणि सूर्याय नमः' मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें। इसे दाहिने हाथ की अनामिका (रिंग फिंगर) में पहनना सर्वोत्तम है।
आजकल बाजार में कांच या सिंथेटिक पत्थरों को असली रूबी बताकर बेचने का धोखा धड़ल्ले से चल रहा है। दुनिया में बर्मा का रूबी (Burma Ruby) सबसे कीमती और प्रभावी माना जाता है।
असली माणिक्य की पहचान यह है कि यह काफी ठोस होता है और इस पर आसानी से कोई खरोंच (Scratch) नहीं आती। साथ ही, इसका वजन नकली या सिंथेटिक पत्थरों की तुलना में अधिक होता है। किसी भी भ्रामक जानकारी में आने के बजाय हमेशा सरकारी लैब द्वारा प्रमाणित (Certified) रत्न ही खरीदें।
याद रखें, बिना योग्य ज्योतिषी के परामर्श के माणिक्य कभी न पहनें। यदि कुंडली में सूर्य मारक या नीच का होकर बैठा है, तो बिना सोचे-समझे इसे पहनने से सिरदर्द, आंखों की समस्या या पिता से वैचारिक मतभेद जैसी परेशानियां बढ़ सकती हैं।