
Ram Mandir Donation Controversy: राम मंदिर में भक्तों के चढ़ावे से जुड़े करोड़ों रुपए के महाघोटाले में आए दिन चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। पुलिस और एसआईटी की जांच में मुख्य आरोपी अविनाश शुक्ला के लेन-देन और बैंक खातों से जुड़े नए सुबूत मिले हैं। पता चला है कि अविनाश ने पिछले कुछ समय में 15 लाख रुपए से ज्यादा के संदिग्ध ट्रांजैक्शन किए हैं। पुलिस अब इस बात की कड़ाई से जांच कर रही है कि कई अलग-अलग लोगों को भेजी गई यह मोटी रकम क्या मंदिर के चंदे की चोरी से ही जुड़ी हुई है?
इस बीच अविनाश के सगे भाई अभिषेक ने भी पुलिस के सामने एक बड़ा राज उगला है। अभिषेक के मुताबिक उसने अपनी ड्यूटी खत्म होने के बाद अविनाश को एक योग सेंटर में नोटों से भरा बैग ले जाते हुए देखा था। जब अभिषेक ने अविनाश से इतने सारे पैसों के बारे में पूछा तो वह बात टाल गया। बार-बार पूछने पर वहां मौजूद दूसरे आरोपी अनुकल्प मिश्रा ने बीच-बचाव करते हुए कहा कि, "यह पैसा भक्तों ने खुश होकर दर्शन कराने और के बदले में दिया है।" साथ ही अनुकल्प ने अभिषेक को दोबारा इस बारे में मुंह न खोलने की सख्त हिदायत भी दे डाली थी।
सूत्रों के मुताबिक इस हेराफेरी का जाल सिर्फ बैंक खातों तक ही सीमित नहीं था। जांच में पता चला है कि आरोपी अविनाश शुक्ला ने अपनी एक महिला मित्र को करीब 2 लाख रुपए कैश और एक बहुत महंगा स्मार्टफोन भी गिफ्ट किया था। जांच एजेंसियां अब इस महिला मित्र से भी पूछताछ की तैयारी कर रही हैं जिससे कई और अहम राज खुल सकते हैं।
इसी बीच अयोध्या पुलिस को अदालत से इस मामले में बंद पांचो आरोपियों से पूछताछ करने की मंजूरी मिल गई है। जांच अधिकारी आशुतोष तिवारी आज (रविवार) से ही जिला जेल के अंदर सभी आरोपियों से गहन पूछताछ कर रहे हैं। अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, राम शंकर यादव उर्फ टिन्नू, करुणेश पांडे और मनीष यादव से जेल परिसर के भीतर ही आमने-सामने बिठाकर चंदा-चोरी से जुड़े अहम सवाल पूछे जाएंगे, जिससे इस पूरे घोटाले के कई और गहरे राज बेनकाब हो सकते हैं।
| आरोपी का नाम | बरामद रकम |
| अविनाश शुक्ला | 20.39 लाख रुपए |
| करुणेश पांडे | 18.07 लाख रुपए |
| अनुकल्प मिश्रा | 16.82 लाख रुपए |
| लवकुश मिश्रा | 14.25 लाख रुपए |
| रमाशंकर मिश्रा | 7.32 लाख रुपए |
| रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू | 1 लाख रुपए |
यह पूरा मामला राम मंदिर को मिले चढ़ावे की हेराफेरी से जुड़ा है। पुलिस अब 70 किलो चांदी, 1250 किलो सोना, 200 करोड़ रुपए नकद, भगवान राम की मूर्ति और पवित्र चरण पादुकाओं को अर्पित किए गए कीमती सामानों के पूरे रिकॉर्ड को खंगाल रही है। एसआईटी की टीम ने शुक्रवार को भी मंदिर परिसर पहुंचकर चप्पे-चप्पे का मुआयना किया। बता दें उत्तर प्रदेश सरकार ने इस जांच को पूरा करने के लिए SIT को 15 दिनों का अतिरिक्त समय दिया है।