रायपुर

Fake Paneer Factory Raid: छत्तीसगढ़ की सबसे बड़ी एनालॉग पनीर फैक्ट्री पर छापा, हजारों किलो माल जब्त, सील

Fake Paneer Factory Raid: महासमुंद में नकली पनीर के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रशासन ने 3 एकड़ में फैली वैद्या फूड प्रोडक्ट फैक्ट्री पर छापा मारा। बड़ी मात्रा में एनालॉग पनीर मिलने के बाद सैंपल लेकर फैक्ट्री को सील कर दिया गया।
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Aug 17, 2026
Fake Paneer Factory Raid: हजारों किलो माल जब्त, सील (photo-AI)
Fake Paneer Factory Raid: हजारों किलो माल जब्त, सील (photo-AI)

Fake Paneer Factory Raid: छत्तीसगढ़ में नकली पनीर के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई है। महासमुंद कलेक्टर के निर्देश पर प्रशासनिक टीम ने भलेसर रोड स्थित वैद्या फूड प्रोडक्ट में छापेमारी की। करीब 3 एकड़ में फैली फैक्ट्री में बड़ी मात्रा में तैयार एनालॉग पनीर मिलने का दावा किया गया है। एडीएम के नेतृत्व में हुई कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने पनीर और अन्य खाद्य सामग्री के सैंपल लिए। जांच के लिए सैंपल भेजने के साथ ही फैक्ट्री को सील कर दिया गया। प्रशासन अब फैक्ट्री की उत्पादन प्रक्रिया और सप्लाई नेटवर्क से जुड़े पहलुओं की भी जांच कर रहा है।

Mahasamund Fake Paneer Raid: एडीएम के नेतृत्व में हुई छापेमारी

महासमुंद में हुई इस कार्रवाई के लिए प्रशासन की विशेष टीम गठित की गई थी। एडीएम के नेतृत्व में अधिकारियों की टीम भलेसर रोड स्थित फैक्ट्री पहुंची और परिसर की जांच की। टीम ने फैक्ट्री में तैयार पनीर समेत अन्य सामग्री की जांच की और जरूरी नमूने लिए।

हजारों किलो तैयार पनीर मिलने का दावा

छापेमारी के दौरान फैक्ट्री परिसर में हजारों किलो तैयार एनालॉग पनीर मिलने की बात सामने आई है। प्रशासन ने पनीर के सैंपल लेकर उन्हें जांच के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू की है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

करीब 3 एकड़ में फैली है फैक्ट्री

बताया गया है कि वैद्या फूड प्रोडक्ट का परिसर करीब 3 एकड़ में फैला हुआ है। प्रशासनिक कार्रवाई के बाद पूरे परिसर को सील कर दिया गया है। अधिकारियों की ओर से फैक्ट्री में मौजूद सामग्री और उत्पादन प्रक्रिया से जुड़े रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।

एनालॉग पनीर पर प्रतिबंध, गुणवत्ता पर उठे सवाल

एनालॉग पनीर को लेकर खाद्य सुरक्षा और गुणवत्ता से जुड़े सवाल लगातार उठते रहे हैं। प्रशासन की ओर से की गई इस कार्रवाई का उद्देश्य प्रतिबंधित या नियमों के विपरीत बनाए जा रहे खाद्य उत्पादों पर रोक लगाना है। सैंपल की जांच के बाद यह स्पष्ट होगा कि फैक्ट्री में तैयार उत्पाद निर्धारित खाद्य सुरक्षा मानकों पर खरा उतरता है या नहीं।

खाद्य विभाग की भूमिका पर भी उठे सवाल

इस मामले में जिले के खाद्य विभाग के अधिकारियों की कार्यशैली को लेकर भी लंबे समय से सवाल उठने की बात सामने आई है। इसी वजह से कार्रवाई के दौरान खाद्य विभाग के जिला अधिकारियों को छापेमारी की सूचना अंतिम चरण में दिए जाने की जानकारी है।

एमपी से पनीर लाकर सप्लाई का भी आरोप

कार्रवाई के बाद प्रदेश में नकली पनीर के कारोबार और दूसरे राज्यों से पनीर मंगाकर छत्तीसगढ़ तथा ओडिशा में सप्लाई किए जाने वाले नेटवर्क पर भी नजर बढ़ने की संभावना है। प्रशासन इस पूरे नेटवर्क से जुड़े पहलुओं की भी जांच कर सकता है।

सैंपल रिपोर्ट के बाद होगी आगे की कार्रवाई

फैक्ट्री से लिए गए पनीर के सैंपल जांच के लिए भेजे जाएंगे। रिपोर्ट में खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल प्रशासन ने फैक्ट्री को सील कर दिया है और पूरे मामले की जांच जारी है।

Updated on:
17 Aug 2026 11:57 am
Published on:
17 Aug 2026 11:53 am