मध्यप्रदेश में सत्ता के संघर्ष में उलझी कांग्रेस पार्टी के नेताओं की बैठक जज साहब के कमरे में हो गई। बाद में जब इसकी जानकारी मिलॉर्ड को लगी तो उन्होंने कांगे्रस नेताओं का बचाव करते हुए कहा कि दूसरे कमरे में रखरखाव का कार्य चल रह है, इसलिए यह हो गया। सारे मामले में बड़ी बात यह है कि इस बैठक में जमकर कांगे्रस नेता एक दूसरे से लडे़ व नौबत मारपीट तक की आ गई।
रतलाम. मध्यप्रदेश में सत्ता के संघर्ष में उलझी कांग्रेस पार्टी के नेताओं की बैठक जज साहब के कमरे में हो गई। बाद में जब इसकी जानकारी मिलॉर्ड को लगी तो उन्होंने कांगे्रस नेताओं का बचाव करते हुए कहा कि दूसरे कमरे में रखरखाव का कार्य चल रह है, इसलिए यह हो गया। सारे मामले में बड़ी बात यह है कि इस बैठक में जमकर कांगे्रस नेता एक दूसरे से लडे़ व नौबत मारपीट तक की आ गई। अगर बीचबचाव नहीं किया जाता तो थप्पड़ चल जाते।
सरपंचों का शासन द्वारा छह माह कार्यकाल बढ़ाने के लिए जिला पंचायत उपाध्यक्ष डीपी धाकड़ के कमरे में सम्मान समारोह का आयोजन होना था। इसके बजाए कांगे्रस नेता जिला पंचायत में बने कोर्ट कक्ष में बैठ गए व देर तक बैठक की। इस दौरान नामली ब्लॉक कांगे्रस अध्यक्ष सुशील नागर व मलवासा सरपंच रुस्तम पटेल आपस में लड़ लिए। दोनों के लडऩे की आवाज कमरे से बाहर तक आने लगी तो दरवाजे बंद कर दिए गए। जब मीडिया से लेकर अधिकारियों की भीड़ हु़ई तो जिला कांगे्रस अध्यक्ष राजेश भरावा ने दोनों को पार्टी से बाहर करने की चेतावनी दी। यहां तक की अन्य नेताओं ने दोनों को अलग-अलग कमरे में भेजा। रुस्तम ने बाद में मीडिया से कहा कि सुशील पहलवान है, मारपीट कर सकता है, जबकि सुशील ने कहा कि रुस्तम की मजाक करने की आदत है, कुछ भी बोल सकता है।
यह हुआ बंद कमरे में
असल में दोपहर करीब १२ बजे जिला पंचायत उपाध्यक्ष धाकड़ के कमरे में अभिनंदन समारोह रखा गया था। इस दौरान कक्ष छोटा पडऩे पर पास में बने कोर्ट रूम में कांगे्रस के नेता चले गए। यहां पर जहां सीईओ संदीप केरकेट्टा आसंदी पर बैठकर निर्णय देते हैं, उस स्थान पर कांगे्रस के नेता बैठे। इसी दौरान नामली ब्लॉक कांगे्रस अध्यक्ष नागर ने मलवासा सरपंच को कहा कि जब भी तुम्हारे यहां कार्यक्रम में आते है तुम फ्लैक्स पर फोटो नहीं लगाते हो। हमारे फोटो के बगैर क्यों बुलाते हो। इस पर रुस्तम ने कहा कि सरपंच का कार्यकाल बढ़ा दिया, जबकि में हज पर जा रहा हूं। बगैर मेरी अनुमति के कार्यकाल क्यों बढ़ाया गया। इस पर शेरू पठान ने कहा कि कार्यकाल सरकार ने बढ़ाया है। हज पर कोरोना वायरस के चलते रोक है। विवाद नहीं किया जाए। इस पर भी दोनों एक दूसरे से जोर जोर से कुछ बोलने लगे। इस पर जिला कांगे्रस अध्यक्ष भरावा ने कहा कि दोनों चुप नहीं हुए तो पार्टी से बाहर करने की कार्रवाई करवाई जाएगी।
दूर नहीं करते तो हो जाती मारपीट
विवाद बढ़ता देख दोनों नेताओं को अलग किया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोनों को अलग नहीं किया जाता तो मारपीट की नौबत आ जाती। नेताओं ने दोनों को अलग-अलग कमरे में भेजा। इस बीच मीडिया के पहुंचने पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश भरावा ने सभी को चुन रहने को बोला। बाद में मीडिया से भरावा ने कहा कि विवाद जैसी कोई बात है ही नहीं। आपस में चर्चा कर रहे थे।