16 सितंबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

अब ‘व्हाट्सऐप’ से होगी खाद की बुकिंग, अशोकनगर में घर बैठे किसानों को मिलेगा ई-टोकन, ये है तरीका

E-Vikas Portal: किसान अब जल्द ही व्हाट्सएप पर घर बैठे खाद बुक कर ई-टोकन जनरेट कर सकेंगे, जिससे ई-विकास पोर्टल की दिक्कतें खत्म होंगी।
2 min read
Google source verification
मोबाइल पर मैसेज करता किसान, प्रतिकात्मक फोटो (Photo Source- magnific)

मोबाइल पर मैसेज करता किसान, प्रतिकात्मक फोटो (Photo Source- magnific)

Ashoknagar news: किसानों के लिए राहतभरी खबर सामने आई है। अब किसानों को खाद के लिए ई-विकास पोर्टल की दिक्कतों से नहीं जूझना पड़ेगा, आने वाले कुछ दिनों में किसान व्हाट्सएप पर भी अपने लिए खाद बुक कर सकेंगे। इससे जो किसान पोर्टल पर खाद बुक नहीं कर पा रहे थे और इसके लिए दुकानों पर पैसे खर्च करने मजबूर थे, अब घर बैठे ही व्हाट्सएप पर भी खाद बुक कर ई-टोकन जनरेट कर सकेंगे।

तैयार की गई व्हाट्सएप बुंकिंग प्रणाली

शासन द्वारा खाद बुकिंग के लिए ऑनलाइन ई-टोकन सिस्टम तो शुरू किया गया था। जिसमें किसान सर्वर डाउन रहने और खाद बुकिंग में दिक्कतों की शिकायतें करते हैं। लेकिन अब किसानों को खाद बुकिंग आसान बनाने के लिए कृषि विभाग ने व्हाट्सएप बुंकिंग प्रणाली तैयार की है। व्हाट्सएप के जरिए खाद बुकिंग की प्रक्रिया को इतना आसान बनाया जा रहा है कि कम पढ़ा-लिखा किसान भी इसे आसानी से इस्तेमाल कर सकेगा।

इसी सीजन से मिल सकती है यह सुविधा

इस नई और सुविधाजनक प्रणाली को लेकर अधिकारियों ने तैयारियां तेज कर दी है। काम तेजी से जारी है। कृषि उपसंचालक अमित सिंह भदौरिया ने बताया कि प्रदेश में खाद बुकिंग की व्हाट्सएप प्रणाली जल्द लागू हो सकती है। जिसकी प्रदेश में टेस्टिंग भी हो चुकी है, तकनीकी ट्रायल सफल रहने के बाद, पूरी संभावना है कि चालू सीजन में ही किसानों के लिए यह सुविधा शुरु कर दी जाएगी। वहीं पोर्टल के माध्यम से भी किसान खाद का ई-टोकन जनरेट कर सकेंगे, व्हाट्सएप सुविधा भी पोर्टल से ही कनेक्ट होगी।

कुछ सेकंड में होगी बुकिंग, जनरेट होगा टोकन

किसानों को विभाग द्वारा जारी किए जाने वाले एक निर्धारित व्हाट्सएप नंबर पर मैसेज भेजना होगा। मैसेज भेजते ही चैट में पंजीयन की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। जिसमें किसान द्वारा अपनी सामान्य जानकारी दर्ज करने के बाद सुरक्षा और पारदर्शिता के लिए उनका आधार वेरिफिकेशन किया जाएगा। इसके बाद किसान अपनी जमीन का रकबा और खेत में बोई जाने वाली फसल की जानकारी दर्ज करेंगे। दर्ज की गई फसल, रकबे की जरूरत और खाद की उपलब्धता के आधार पर व्हाट्सएप पर ही तुरंत खाद का ई-टोकन जनरेट होकर आ जाएगा।

ये है तरीका

𝟏. किसान 𝐖𝐡𝐚𝐭𝐬𝐀𝐩𝐩 पर “𝐇𝐞𝐥𝐩” या “𝐅𝐞𝐫𝐭𝐢𝐥𝐢𝐳𝐞𝐫” लिखकर चैट शुरू करेगा।

𝟐. किसान अपना पंजीकृत आधार नंबर दर्ज करेगा।

𝟑. आधार का सत्यापन होने के बाद पंजीकृत मोबाइल नंबर पर 𝐎𝐓𝐏 प्राप्त होगा।

𝟒. 𝐎𝐓𝐏 दर्ज करने पर किसान का प्रोफाइल विवरण प्रदर्शित होगा।

𝟓. किसान अपनी भूमि का विवरण देखकर संबंधित जिले का चयन करेगा।

𝟔. पात्र भूमि/खसरा के विरुद्ध फसल का चयन कर विवरण सुरक्षित करेगा।

𝟕. किसान उर्वरक का प्रकार, उर्वरक एवं आवश्यक मात्रा का चयन करेगा।

𝟖. किसान ब्लॉक, रिटेलर, कंपनी एवं पात्र उठाव तिथि का चयन करेगा।

𝟗. सिस्टम उपलब्धता का सत्यापन कर 𝐐𝐑 कोड युक्त उर्वरक टोकन जारी करेगा।

𝟏𝟎. किसान को 𝐖𝐡𝐚𝐭𝐬𝐀𝐩𝐩 पर टोकन, रिटेलर, उर्वरक, उठाव तिथि एवं टोकन की वैधता की जानकारी प्राप्त होगी।