
बागपत। एक बार फिर अंतरजातीय व प्रेम विवाह पर खाप (Khap) मुखिया ने आपत्ति जताते हुए विरोध किया है। बालियान खाप के मुखिया व भाकियू (BKU) अध्यक्ष नरेश टिकैत ने प्रेम विवाह को गलत ठहराया है। बागपत (Baghpat) जिले के बड़ौत (Baraut) पहुंचे बालियान खाप के चौधरी नरेश टिकैत ने सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) द्वारा प्रेम विवाह की मंजूरी के फैसले को गलत ठहराया। उन्होंने प्रेम विवाह को मंजूरी देने से इनकार किया है।
नशाखोरी जैसी कुरीतियों से दूर रहने का कहा गया है
नरेश टिकैत ने लड़कियों से अपील की है कि वे प्रेम विवाह जैसा कदम ना उठाएं। इस दौरान बालियान खाप चौधरी ने जनसंख्या को लेकर कहा कि जाटों की संख्या बढ़ने की बजाय घट रही है। उन्होंने इस ओर भी ध्यान देने की बात कही है। दरअसल, गुरुवार को बड़ौत क्षेत्र में समाज मे फैल रही कुरीतियों को लेकर एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय जाट समाज चिंतन शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान समाज मे फैल रहे नशाखोरी जैसी कुरीतियों से दूर रहने के लिए कहा गया।
सुप्रीम कोर्ट के फैसले को ठहराया गलत
कार्यक्रम में भारतीय किसान यूनियन के अध्यक्ष व बालियान खाप के चौधरी नरेश टिकैत ने अंतरजातीय व प्रेम विवाह पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को मानने से इनकार कर दिया। उन्होंने प्रेम विवाह को गलत ठहराया। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने उनसे बेटी की शादी का हक छीनने का काम किया है। जिन लड़कियों को वे पढ़ाते-लिखाते हैं, वे फिर किसी और जाति में जाकर शादी कर लें। उससे परिवार की बेइज्जती होती है। जो गलत है। वहीं जब मां-बाप को बेटी को पढ़ाने का हक है तो उसकी शादी का हक भी उन्हीं को होना चहिए। उन्होंने लड़कियों से भी अपील की कि वे कोई भी ऐसा कदम ना उठाएं, जिससे परिवार और समाज की बेइज्जती हो। इतना ही नहीं नरेश टिकैत ने कहा कि जाटों की समस्या लगातार घटती जा रही है, जो कि बढ़नी चाहिए थी। जाटों की घटती जनसंख्या के बारे में भी सोचना चाहिए।
Updated on:
22 Nov 2019, 9:35 AM IST
Published on:
22 Nov 2019, 9:34 AM IST
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