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CM योगी के कैबिनेट मंत्री की थानेदार ने नहीं सुनी बात, बुलाने पर नहीं आया तो मंत्री जी ने उठाया ये कदम

यूपी के कैबिनेअ मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने अपने कार्यालय पर जनसुनवाई के दौरान किसी मामले को लेकर बुलाया था रसड़ा कोतवाली इंचार्ज ज्ञानेश्वर मिश्रा को।
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बलिया

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Mohd Rafatuddin Faridi

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Updated: 26 Jul 2018, 1:06 PM IST

Om Prakash Rajbhar

ओम प्रकाश सिंह

बलिया. यूपी की सियासत में दिलचस्प है। कभी नेताओं के आगे-पीछे घूमने वाले भी मौका मिलने पर कब अपना रौब और पावन दिखा दें पता नहीं। सीएम योगी आदित्यनाथ के कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। उन्होंने किसी मामले को लेकर थानेदार को बुलवाया, लेकिन उसने मंत्री जी की बात को अनसुना कर दिया और बुलाने पर भी नहीं आया। यह बात मंत्री जी को इतनी नागवार गुजरी कि वह अपने समर्थकों और भीड़ के साथ पहुंचकर थाना घेराव कर दिया। वह काफी देर तक वहां रहे।

दरअसल उत्तर प्रदेश में बीजेपी की सहयोगी पार्टी सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और यू पी की योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर जब भी बलिया में रहते हैं वह अपने कार्यालय पर दरबार लगाकर जनसुनवाई करते हैं। रसड़ा के कोतवाली रोड स्थित उनके आवास पर ही उनका पार्टी कार्यालय है। गुरुवार को भी वह अपने कार्यालय पर जनसुनवाई कर रहे थे। उसमें कार्यकर्ता और फरियादी दोनों मौजूद थे। इसी दौरान कोई मामला आया तो मंत्री जी ने तत्काल संबंधित रसड़ा कोतवाली को फोन लगा दिया। कोतवाल ज्ञानेश्वर मिरा से उनकी बात हुई और उन्होंने कोतवाल को पार्अी कार्यालय बुलाया। कोतवाल ने मंत्री जी बात सुनी तो पर उसे अनसुना कर दिया और वहां नहीं पहुंचे।


मंत्री जी का आवास रसड़ा कोतवाली मार्ग पर महज एक किलोमीटर की दूरी पर है। बावजूद इसके जब करीब घंटे भर बाद भी कोतवाल नहीं आए तो मंत्री जी को यह बात नागवार लगी। गुस्से में लाल मंत्री जी अपने समर्थकों और जनसुनवाई में आई भीड़ को लेकर कोतवाली पहुंच गए। बताया गया है कि उन्होंने वहां धेराव कर दिया। मंत्री जी पहुंचे तो कोतवाल ज्ञानेश्वर मिश्रा कोतवाली में ही मौजूद थे। काफी देर तक समर्थकों संग ओम प्रकाश राजभर कातवाली पर डटे रहे।
By Amit Kumar