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Lutti dam incident: बांध टूटने से बहे एक और बच्चे की 1 किमी दूर मिली लाश, अब तक 5 शव बरामद, मंत्री ने बांटा मुआवजा

Lutti dam incident: 2 सितंबर की रात टूट गया था बलरामपुर जिले का लुत्ती बांध, बह गए थे 2 घरों के 7 लोग, सास-बहू समेत 4 का मिला था शव, आज मिला पांचवा शव, 2 की तलाश अब भी जारी

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Lutti dam incident

Dead body of Child (Photo- Patrika)

रामानुजगंज। बलरामपुर जिले के तातापानी पुलिस चौकी अंतर्गत ग्राम विश्रामनगर में 2 सितंबर की रात 43 साल पुराना लुत्ती बांध टूट गया था। बांध टूटने (Lutti dam incident) से 2 घरों की 3 महिलाएं, 3 बच्चे समेत 7 लोग बह गए थे। सास-बहू समेत 4 लोगों का शव बुधवार को बरामद कर लिया गया था, जबकि 3 की खोजबीन जारी थी। इसी बीच गुरुवार को 6 वर्षीय बच्चे का शव घटनास्थल से 1 किलोमीटर दूर मिला। मछली मार रहे लोगों ने शव देख बाहर निकाला। अभी भी 2 की तलाश जारी है। इस घटना में कई जानवर बह गए थे तथा धान और टमाटर की फसलें भी बर्बाद हो गईं हैं। बुधवार की शाम घटनास्थल पहुंचे मंत्री रामविचार नेताम ने पशु व फसल हानि से प्रभावित परिवारों को 2 लाख 57 हजार की मुआवजा राशि प्रदान की।

बता दें कि 2 सितंबर को हुई मूसलाधार बारिश के बाद रात 10 से 11 बजे के बीच बलरामपुर विकासखंड के ग्राम विश्रामनगर में 1981 में बना लुत्ती डेम (Lutti dam incident) का करीब 100 मीटर हिस्सा टूट गया था। इससे बांध के नीचे रह रहे 3 घरों के 7 लोग बह गए थे। सूचना पर कलेक्टर, एसपी समेत रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची।

फिर अभियान चलाकर बहे लोगों की तलाश शुरु की। रजंती पति गणेश (26) व उसकी सास बतशिया पति रामवृक्ष (55) का शव रात में ही बरामद कर लिया गया था, जबकि रामवृक्ष की बडी बहू और 3 बच्चे भी पानी में बह गए थे। 3 सितंबर की सुबह गणेश (३०) एवं प्रिया सजीवन (6) का शव मिला था।

वहीं अन्य लापता लोगों की तलाश (Lutti dam incident) की जा रही थी। इसी बीच गुरुवार की सुबह 6 वर्षीय कार्तिक सिंह का शव घर से करीब 1 किलोमीटर दूर नाले में पड़ा मिला। मछली मार रहे लोगों ने शव देख पुलिस को सूचना दी।

Lutti dam incident: मंत्री नेताम ने बांटा मुआवजा

इधर बुधवार को ही मंत्री रामविचार नेताम कार्यक्रम रद्द कर कोरबा से बलरामपुर स्थित घटनास्थल पहुंचे। उन्होंने मृतक के परिजनों से मिलकर उनका ढाढ़स बंधाया (Lutti dam incident) तथा कहा कि इस दुख की घड़ी में शासन-प्रशासन उनके साथ है। इसके बाद उन्होंने अधिकारियों से चर्चा कर पशुहानि व फसल क्षति की जानकारी ली और तत्काल प्रभावितों को 2 लाख 57 हजार रुपए का मुआवजा राशि प्रदान किया।

उन्होंने पशुहानि के लिए गांगरेल को 64 हजार, कन्हाई को 37 हजार 500 रुपए, खिलबानुस को 32 हजार एवं फसल क्षति के लिए राजेश्वर सिंह को 8 हजार 500 रुपए, सुखदेव को 7 हजार 520 रुपए, सुरेश को 7 हजार 520 रुपए, संदीप को 1 लाख रुपए समेत 2 लाख 57 हजार 40 रुपये का मुआवजा प्रदान किया।

वहीं मृत परिवार (Lutti dam incident) के देवंती, संदीप व फुलमतिया को सहयोग राशि प्रदान की। इस दौरान कलेक्टर राजेन्द्र कटारा, एसपी वैभव बैंकर रमनलाल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

नेताम बोले- सीएम ने कहा है हरसंभव मदद करेंगे

मंत्री नेताम ने प्रभावितों (Lutti dam incident) से कहा कि राहत और बचाव कार्य में लगातार जिला प्रशासन, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय टीम लगी हुई हैं। उन्होंने घायलों के बेहतर इलाज का भरोसा भी दिलाया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रभावित परिवारों को अस्थायी आवास, भोज-पानी, चिकित्सकीय सुविधा प्राथमिकता से उपलब्ध कराएं।

उन्होंने कहा कि सीएम विष्णुदेव साय ने स्वयं इस घटनाक्रम की जानकारी ली है और स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि परिवार को हर संभव सहयोग व सहायता उपलब्ध कराएं।

आवागमन बहाल करने काम शुरु

बांध का पानी बहने (Lutti dam incident) से डाउनस्ट्रीम साइड में वर्ष 2014 में निर्मित मुख्यमंत्री ग्राम सडक़ योजना के अंतर्गत बने 2 पुल व सडक़ को भी भारी क्षति पहुंची है। दोनों पुल बह जाने से क्षेत्र के आवागमन को सुचारू बनाए रखने कलेक्टर ने निर्देश दिए हैं। दोनों पुलों के स्थान पर अस्थायी डायवर्सन निर्माण का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है। ग्रामीणों को आवागमन में कोई परेशानी न हो, इसके लिए कार्य तेजी से चल रहा है।