
देवेंद्र सिंह
बेंगलूरु. कर्नाटक में राजनीतिक घमासान मचा हुआ है। नेता व मंत्री अपनी अपनी पार्टी के उम्मीदवारों के प्रचार में जुटे हुए हैं और सभी अपनी जीत का दावा कर रहे हैं। बेंगलूरु आए पाली के सांसद और केन्द्रीय मंत्री पीपी चौधरी से खास बातचीत के अंश।
कर्नाटक में सत्ता विरोधी लहर नहीं दिख रही। फिर आप कैसे भाजपा की जीत का दावा कर रहे हैं।
जवाब : स्ट्रांग अंडर करंट है, जो सतह पर नहीं दिखता। ऐसा ही करंट यूपी में दिखा था। 15 मई को यहां भी यूपी जैसे ही चौकाने वाले परिणाम आएंगे। भाजपा को पूर्ण बहुमत मिलेगा।
भाजपा के पास कर्नाटक में ऐसा कोई मुद्दा नहीं है, जिस पर वोट मांगा जा सके।
जवाब : भाजपा ने भ्रष्टाचार, लचर कानून-व्यवस्था को मुद्दा बनाया है। कर्नाटक में अपेक्षानुरूप विकास नहीं हुआ। कांग्रेस ने विकास कम और मार्केंटिग ज्यादा की है।
आप किस आधार पर कह सकते हैं कि भ्रष्टाचार हुआ है।
जवाब : भ्रष्टाचार के लिए शिकायत होना या केस दर्ज होना ही प्रमाण नहीं होता। प्रदेश में नीचे से ऊपर तक भ्रष्टाचार व्याप्त है। इससे आमजन त्रस्त है। कोई पकड़ में नहीं आया यह अलग बात है। कई बार भ्रष्टाचार की परते खुलने में समय लगता है। समय आने पर ये परतें खुलेंगी।
जनता भाजपा को बहुमत क्यों देगी?
जवाब : भाजपा को यहां की जनता ने परख लिया है। उसे पीएम नरेन्द्र मोदी पर भरोसा है। उनकी गुड गर्वनेंस में डवलपमेंट की स्पीड व स्केल अच्छी है। भाजपा देश हित पहले और पार्टी की बात बाद में सोचती है, जबकि कांग्रेस पहले परिवार, खासकर गांधी परिवार का हित सोचती है।
सत्ता में आने के बाद पार्टी की प्राथमिकता क्या होगी?
जवाब : प्रदेश में कानून व्यवस्था को मजबूत करेंगे। बिना किसी भेदभाव के आमजन को फायदा मिलेगा। सर्वांगीण विकास और भ्रष्टाचार मुक्त प्रदेश बने।
राजस्थान के लिए रोज कोई ट्रेन नहीं है।
जवाब : आपने सही सवाल किया है। कांग्रेस ने 6 5 साल में रेल के मामले में 15 सौ घोषणाएं कीं, जिन पर क्रियान्वन नहीं हुआ। कांग्रेस की गलतियों का खमियाजा हमें भुगतना पड़ रहा है। इन योजनाओं में को अब हम पूरा करेंगे। हम दक्षिण में नई ट्रेन चलाने, ट्रेनों के फेरे एवं स्टोपेज बढ़ाने का प्रयास कर रहे हैं। इससे आमजन को राहत मिलेगी।
आप पाली से सांसद है, क्या खास का किया।
जवाब : जीएसटी से सोजत के मेहंदी उद्योग पर संकट के बादल आ छा गए थे। हमने जीएसटी कम कर ट्रेडर्स व फैक्ट्री मालिकों को राहत दी। रही बात जल प्रदूषण की तो इसके लिए फैक्ट्रियों के प्रदूषित पानी को कच्छ के रण में पाइप से छोडऩे की योजना चल रही है।
Published on:
10 May 2018, 6:14 PM IST
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