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अपनी भूल को भूलना सीखें

हमें सफलता प्राप्त करनी है तो आंखें, कान व जीभ को नियंत्रण में रखना होगा
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बैंगलोर

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Ram Naresh Gautam

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Updated: 9 Aug 2018, 6:14 PM IST

jainism

अपनी भूल को भूलना सीखें

मैसूरु. स्थानकवासी जैन संघ के तत्वावधान में सिटी स्थानक में आयोजित चातुर्मास कार्यक्रम में डॉ. समकितमुनि ने कहा कि अपनी भूल को भूलना सीखें। यह सूत्र यदि जीवन में उतार दें तो हमारा जीवन मुसीबत मुक्त बन जाता है। हम स्वयं की नादानियों के कारण परेशानियों को आमंत्रित कर रहे हैं। हमें सफलता प्राप्त करनी है तो आंखें, कान व जीभ को नियंत्रण में रखना होगा। हर कार्य समकित से करना होगा। प्रारम्भ में जयवंत मुनि ने गुरु की कृपा, गुरु की महिमा पर प्रकाश डालते हुए गीतिका प्रस्तुत की। भवांत मुनि ने बताया कि 14 उपवास के दो प्रत्याख्यान एवं 8 उपवास के 1 प्रत्याख्यान हुए। संघ के मंत्री सुशील नंदावत ने डोड्डबल्लापुर, चन्नरायपट्टण, चेन्नई से पधारे अतिथियों का आभार जताया।


पूर्व मंत्री तिप्पेस्वामी का निधन
मुख्यमंत्री ने शोक जताया
बेंगलूरु. वाल्मीकि समुदाय के दिग्गज नेता व पूर्व मंत्री तिप्पेस्वामी का लंबी बीमारी के बाद बुधवार को शहर के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। वे 76 वर्ष के थे। वे अपने पीछे पत्नी विमलम्मा, पुत्र केटी कुमारस्वामी तथा पुत्री केटी भव्या को छोड़ गए हैं। जनता परिवार से अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत करने वाले तिप्पेस्वामी नायक समुदाय के प्रभावी नेता थे। करीब चार दशक के राजनीतिक जीवन के दौरान उन्होंने निरंतर संघर्ष किया और इसी जरिए प्रदेश के राजनीतिक परिदृश्य पर उभरे। नायक समुदाय के प्रति उनकी सेवाओं को देखते हुए उनको 2017 में राज्य स्तरीय महर्षि वाल्मीकि पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

चित्रदुर्गा जिले के काटप्पनहट्टी ग्राम के निवासी तिप्पेस्वामी 1982 में पहली बार चलकेरे नगरपालिका के अध्यक्ष चुने गए और इसके बाद 1985 में पहली बार चलकेरे विधानसभा सीट से विधायक चुने गए। जनतादल के सत्ता में आने पर देवेगौड़ा की सरकार मे वे आबकारी मंत्री के पद पर व उसके बाद जेएच पटेल की सरकार में वे लघु सिंचाई मंत्री के पद पर रहे और इस दौरान उन्होंने अनेक विकास कार्य करवाए।

उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन के दौरान वाल्मीकि समुदाय का संगठन किया और दावणगेरे जिले के हरिहर तालुक के राजनहल्ली में वाल्मीकि गुरु पीठ की स्थापना करने में अहम भूमिका निभाई। बाद में तिप्पेस्वामी भाजपा में शामिल हो गए और जगलूर विधानसभा सीट से विधायक चुने जाने के बाद उनको येड्डियूरप्पा की सरकार में मंत्री बनाया गया था। मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी, भाजपा अध्यक्ष बीएस येड्डियूरप्पा, पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा सहित अनेक नेताओं ने तिप्पेस्वामी के निधन पर शोक प्रकट किया है।