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अस्पताल भगवान भरोसे,भगवान हड़ताल पर

जिले भर के अस्पताल भगवान भरोसे हो गए हैं और भगवान कहाने वाले डॉक्टर हड़ताल पर चले गए हैं। अब मरीज किसके भरोसे..
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बारां

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Shiv Bhan Singh

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Updated: 17 Dec 2017, 8:07 PM IST

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है ना मजेदार जिले भर के अस्पताल भगवान भरोसे हो गए हैं और भगवान कहाने वाले डॉक्टर हड़ताल पर चले गए हैं। अब मरीज किसके भरोसे यह भगवान ही जाने। हड़ताल से मरीजों की शामत आ गई है। आपरेशन वाले मरीजों की तो जान पर बन आई है।
बारां. अखिल राजस्थान सेवारत चिकित्सक संघ की हड़ताल के तहत शनिवार शाम को अचानक जिले के चिकित्सक भी हड़ताल पर चले गए। इससे जिले में भी चिकित्सा सेवाएं लडख़ड़ा गई। मरीज अचानक हुए इस घटनाक्रम से सकते में आ गए। रविवार सुबह लोगों को हड़ताल की जानकारी मिली तो बहुत कम मरीज चिकित्सालय पहुंचे। इससे आउटडोर व इनडोर में काफी गिरावट आ गई। हालांकि वैकल्पिक व्यवस्था की हुई है। जिला चिकित्सालय में वर्तमान में पदस्थापित 43 में से 38 व शेष जिले में 118 में से 108 समेत कुल 146 चिकित्सक हड़ताल पर रहे।

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यह दे रहे हैं सेवा
जिला चिकित्साल में वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर स्वयं पीएमओ डॉ. संपतराज नागर, आठ आयुर्वेद व राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम में सेवारत चार आयुष चिकित्सक एवं जिला चिकित्सालय के दो दंत रोग चिकित्सक, एक महिला चिकित्सक (पूर्व हड़ताल के दौरान अनुबंध पर नियुक्त) व एक सर्जन सेवा दे रहे है। इस तरह जिला चिकित्सालय में वर्तमान में करीब पीएमओ समेत 17 चिकित्सक सेवा दे रहे हैं। चिकित्सालय में करीब 43 चिकित्सक नियुक्त है।
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रात में दी दबिश, लेकिन नहीं मिली सफलता
जिला चिकित्सालय के नदारद हुए चिकित्सकों की धरपकड़ के लिए शनिवार शाम को ही जिला पुलिस सक्रिय हो गई थी। कोतवाली पुलिस ने प्रयास कर शनिवार शाम अस्पताल रोड स्थित कृष्णा कॉलोनी स्थित किराए के आवास से मनोरोग चिकित्सक अनुराग खींची को गिरफ्तार किया गया। वहीं सेवारत चिकित्सक संघ के जिलाध्यक्ष डॉ. देवीशंकर नागर, फिजीशीयन डॉ. हंसराज सुमन, केके कतियाल, शिशु रोग विशेषज्ञ चिकित्सक बीएस कुशवाह, डॉ. वीरेश बेरीवाल, स्त्री रोग चिकित्सक वीनू कतियाल आदि के घरों पर पुलिस ने दबिश दी, लेकिन सफलता नहीं मिली।

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तरकीब से खिसक गए डॉक्टर
शनिवार शाम को जिला चिकित्सालय में सभी डॉ. ड्यूटी पर तो पहुंचे थे, लेकिन कुछ देर बाद ही एक-एक, दो-दो कर खिसकना शुरू कर दिया। उन्होंने भी एकदम अस्पताल छोड़कर जाने की पूर्व तैयारी की हुई थी। अधिकांश चिकित्सक मुख्य रास्ते नहीं निकले। सूत्रों का कहना है कि चिकित्सक बातचीत करते हुए मातृ एवं शिशु चिकित्सालय तक पहुंचे तथा वहां से कुछ दीवार फांदकर तो कुछ आवासीय कॉलोनी की ओर से निकल गए। कुछ ने तो चिकित्सालय के बाहर वाहन तैयार खड़े किए हुए थे।

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यह रहे हड़ताल से बाहर
जिले में सीएमएचओ डॉ. बृजेश गोयल, डॉ. डिप्टी सीएमएचओ (परिवार कल्याण) सीताराम वर्मा, डिप्टी सीएमएचओ (स्वास्थ्य) डॉ. राजेन्द्र कुमार मीणा, जिला कुष्ठ रोग अधिकारी डॉ. स्नेहलता, बीसीएमआ अटरू डॉ. जेपी यादव, छबड़ा सीएचसी प्रभारी डॉ. सुनीता यादव, सीएचसी अन्ता, डॉ. अनिता जैन व डॉ. नरेन्द्र कुमार पंकज, सीएचसी केलवाड़ा डॉ. संतोष बारवाल, पीएचसी पचेलकला डॉ. नरेश मालव रविवार को हड़ताल पर नहीं रहे।