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जल के बिना जीवन की नहीं की जा सकती कल्पना

अमृतं जलम् कार्यक्रम - मजल व पाटोदी में श्रमदान कार्यक्रम आयोजित
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बाड़मेर

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Dileep Kumar Dave

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Updated: 11 Jun 2018, 7:42 PM IST

जल के बिना जीवन की नहीं की जा सकती कल्पना

जल के बिना जीवन की नहीं की जा सकती कल्पना

समदड़ी. राजस्थान पत्रिका के अमृतं जलम् अभियान के तहत रविवार को ग्राम पंचायत मजल के ढड़ नाडी पर श्रमदान कार्यक्रम हुआ। विश्व भू जल दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में सरपंच मंजू वर्मा ने सुबह 9 बजे महादेव मन्दिर में पूजा के बाद कार्यक्रम की शुरुआत की। तालाब के पेटे में जमी मिट्टी को तालाब की पाल पर डाला गया। कड़ी धूप में महिलाएं मंगल गीत गाते हुए करीब दो घण्टे तक श्रमदान कर इस अभियान की साक्षी बनी। पुरुषों ने भी बराबरी की भागीदारी निभाई। इस दौरान सरपंच मंजू वर्मा ने उपस्थितजनों को जल का संरक्षण करने, तालाबों व जलस्रोतों का रखरखाव करने की शपथ दिलाई। सरपंच मंजू वर्मा ने कहा कि जल है, तो कल है। जल बिना जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती। राजस्थान पत्रिका के इस महत्वपूर्ण अभियान से जुड़कर कीमती जल को सहेजने की आवश्यकता है। पत्रिका अभियान की प्रशंसा करते सरपंच ने कहा कि सामाजिक सरोकारों से जुड़ा पत्रिका का अभियान समाज को नई दिशा देने में कामयाब होगा। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण पैरालीगल वोलियन्टर तेजाराम ने सभी को जल की महत्ता बताकर पत्रिका के अभियान से जुडऩे की बात पर जोर देते हुए बाल विवाह नहीं करने, दहेज प्रभा को दूर करने सहित सभी को अपने मौलिक अधिकारों की जानकारी दी। इस अवसर पर मानाराम, देवाराम, कालूराम, खेताराम, सोनू वर्मा, गीतार, सुआ, हंजादेवी आदि मौजूद थे। निसं.
पाटोदी. स्थानीय गंवाई तालाब पर रविवार सुबह 8 बजे राजस्थान पत्रिका के अमृतं् जलम् कार्यक्रम के तहत श्रमदान कार्यक्रम आयोजित हुआ। तालाब की खुदाई कर लोगों ने जल संरक्षण की सीख दी। इस अवसर पर पाटोदी सरपंच संतोषी जीनगर ने कहा कि जल है, तो कल है। जल बिना जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती। राजस्थान पत्रिका के इस महत्वपूर्ण अभियान से जुड़कर कीमती जल को सहेजने की आवश्यकता है। ग्राम सेवक सोहनसिंह महेचा, जेटीए हस्तीमल, इंसाफ सुमरो, मिश्रीमल आचार्य, मोहनलाल सोनी, फरीद खां तेली आदि मौजूद थे।

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