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crime : राजपुर पुलिस ने किया अंधे कत्ल का खुलासा

पे्रम प्रसंग के चलते महाराष्ट्र ले जाकर की थी रितेश की हत्या, महाराष्ट्र पुलिस ने शव दफना दिया था, आरोपियों की निशानदेही पर महाराष्ट्र पहुंची राजपुर प
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बड़वानी

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Vishal Yadav

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Updated: 14 Apr 2018, 12:03 PM IST

Rajpur police disclose blind murder

Rajpur police disclose blind murder

बड़वानी/राजपुर. दोस्त की शादी में जाने का कहकर अपने मामा की मोटर साइकिल लेकर निकले रितेश की हत्या 29 जनवरी 2018 को ही कर दी गई थी। रितेश का प्रेमप्रसंग एक लड़की से चल रहाथा और उसके परिजनों से उसका विवाद भी हुआ था। इसके बाद शादी में गया रितेश लापता हो गया था। पुलिस ने इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझा ली और रितेश की हत्या के आरोप में लड़की के मामा सहित कुल पांच लोगों को गिरफ्तार किया है।
ये है मामला
पुलिस के मुताबिक 7 फरवरी 2018 को देवीसिंग पिता गंगाराम भिलाला निवासी बांदरकच्छ ने सूचना दी थी कि उसका भांजा 17 वर्षीय रितेश पिता राधेश्याम भिलाला निवासी जरौली 29 जनवरी को रात आठ बजे किसी दोस्त की शादी में जाने का कह कर मोटर साइकिल लेकर गया था। लेकिन उसके बाद से उसका कोई पता नहीं है। शिकायतकर्ता देवीसिंग ने यह भी बताया कि जब से वह गया है उसका मोबाइल भी उसी दिन से बंद हैं। इसके बाद पुलिस ने अपनी जांच शुरू की। एसपी विजय खत्री और एडिशनल एसपी टीएस बघेल के निर्देशन में एसडीओपी राजपुर पदमसिंह बघेल के मार्गदर्शन में टीम का गठन किया गया।जांच में पुलिस को रितेश के पिता ने बताया कि गांव की ही एक लड़की से रितेश के प्रेम संबंध थे। इस बात को लेकर लड़की के परिवार वालों से विवाद भी हुआ था। रितेश के पिता ने लड़की के परिवार वालों पर शक जाहिर किया था। इसके बाद पुलिस ने रितेश और लड़की के मामा सहित अन्य शक के दायरे में आए लोगों की कॉल डिटेल्स निकाली।कॉल डिटेल्स के आधार पर लड़की के मामा पवन पिता गुलाबसिंह निवासी मालपुर और एक अन्य राहुल पिता धन्नालाल निवासी जरौली को पुलिस ने पुछताछ के लिए बुलाया। सख्ती से पुछताछ करने पर दोनों ने तीन अन्य लोगों के साथ मिलकर रितेश की हत्या करना कबूल कर लिया।
ताप्ती पुल से फेंक दिया था शव
पुलिस के मुताबिक पवन और राहुल ने पुछताछ में अपने सहयोगियों अरूण पिता कल्याणसिंह निवासी बांदरकच्छ, कालू पिता धन्नालाल निवासी बरूफाटक और कमलेश पिता हरेसिंह निवासी काकरिया का नाम बताया। आरोपियों ने बताया कि उन्होंने रितेश के साथ 29 जनवरी को डाबरिया फल्या बरुफाटक में मारपीट की।उसे बेहोश करके मोटर साइकिल पर महाराष्ट्र के शिरपुर के पास कुरखेड़ी ले गए।यहां पवन ने उसके पांव पकड़े और अरूण ने उसकी गर्दन मरोड़कर हत्या कर दी।इसके बाद रात दो बजे शिरपुर के पास ताप्ती नदी के पुल से उसका शव नदी में फेंक दिया। पुलिस ने ढाई माह की मशक्कत के बाद 10 और 11 अप्रैल को पांचों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।
महाराष्ट्र पुलिस ने दफना दिया था शव
बताया जाता है कि महाराष्ट्र पुलिस को रितेश का शव पानी में तैरता मिला थाा। शिनाख्त नहीं होने पर पुलिस ने उसका शव दफना दिया था। इधर राजपुर पुलिस ने आरोपितों की निशानदेही पर रितेश की मोटर साइकिल के पाट्र्स भी बरामद कर लिए। महाराष्ट्र पुलिस ने जब शव दफना देने की बात बताई तब शिरपुर एसडीएम की निर्देश पर शव को कब्र से निकाला गया और परिजनों की शिनाख्ती के बाद शव उन्हेंं सौंप दिया गया। टीम में निरीक्षक बीएस मुजाल्दा, उप निरीक्षक एसएल पाटीदार, सहायक उपनिरीक्षक बलवंत सिंह बिसेन, कमल दवाने, आरक्षक प्रकाश, अरूण, दुर्गेश, संजय और प्यारसिंह शामिल थे।