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CRPF कैंप पहुंच ग्रामीणों ने नक्सलवाद की खिलाफत का फूंका बिगुल, पढ़ें खबर

खिलाफत का बिगुल, सीआरपीएफ कैम्प पहुंचकर लिखित में दिया भरोसा। डर के आगे जीत है ग्रामीण बोले अब नहीं देंगे माओवादियों का साथ।
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बस्तर

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ajay shrivastav

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Updated: 21 Nov 2017, 12:28 PM IST

पुलिस के प्रति बढ़ा विश्वास, ग्रामीणों ने सीआरपीएफ कैंप पहुंच माओवाद के खिलाफ दिया यह बयान

पुलिस के प्रति बढ़ा विश्वास, ग्रामीणों ने सीआरपीएफ कैंप पहुंच माओवाद के खिलाफ दिया यह बयान

पुलिस के प्रति बढ़ा विश्वास, ग्रामीणों ने सीआरपीएफ कैंप पहुंच माओवाद के खिलाफ दिया यह बयान

नकुलनार. दंतेवाड़ा जिले के धुर माओवाद प्रभावित बड़ेगुडरा के कवासीपारा के ग्रामीणों ने माओवाद की खिलाफत का बिगुल फूंक दिया। अतिसंवेदनशील क्षेत्र होते हुए भी यहां के ग्रामीणों ने अब माओवादियों का साथ नहीं देने का निर्णय लिया है। गौरतलब है कि यह इलाका पहले अति व घोर संवेदनशील इलाका हुआ करता था, जहां आज धीरे-धीरे पुलिस व सीआरपीएफ कैंप के पहुंचने के बाद ग्रामीणों का भरोसा बढ़ा है। जिससे वे नक्सलियों से नहीं डरने व उनका डटकर सामना करना आगे आ रहे हैं।

दर्जनों ग्रामीण कैंप पहुंच लिखित में स्पष्ट की यह बात
एक दिन पहले कवासीपारा के दर्जनों ग्रामीणों ने सीआरपीएफ कैम्प बड़ेगुडरा पहुंचकर लिखित में माओवादियों का साथ नहीं देने का पत्र देते यह स्पष्ट कर दिया कि वे अब माओवादियों के साथ नहीं है। कटेकल्याण ब्लाक के इस गांव में माओवादियों की तूती बोलती रही है। माओवादी गांव में आते रहते हैं और ग्रामीणों पर दबाव बनाकर सड़क काटने, पर्चा फिकवाने में ग्रामीणों की मदद लेते हैं। ग्रामीणों की मदद से कई बार बड़ेगुडरा-कटेकल्याण सड़क को काटने का काम कर चुके हैं। अब तक पुलिस ने सबसे अधिक माओवादी समर्थकों को भी इसी क्षेत्र से गिरफ्तार किया है।

ग्रामीण पहली बार खुलकर आए सामने
अंदरूनी गांव तक पुलिस की पहुंच होने से अब यहां के ग्रामीणों में सरकार के प्रति भरोसा जगा है। ग्रामीण अब माओवादियों का साथ छोड़कर मुख्यधारा में लौटना चाह रहे हैं। यहीं वजह है कि माओवादियों के गढ़ में रहते हुए भी ग्रामीण खुलकर विरोध में सामने आए हैं। ग्रामीणों ने खुद ही भरोसा दिलाते यह बताया है कि वह पहले से ही नक्सलगढ़ होने के कारण डर कर उनका साथ दिया करते थे लेकिन अब हम माओवादियों का साथ नहीं देने का भरोसा ग्रामीणों ने खुद ही सीआरपीएफ कैंप पहुंच कर दिया है।