
रेत खदान: Chhattisgarh Sand Mining Rules (फोटो सोर्स- पत्रिका)
Sand Mining Ban Bemetara: बेमेतरा जिले में रेत खनन पर प्रतिबंध को लेकर जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में है। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की गाइडलाइन के अनुसार मानसून को देखते हुए 10 जून से ही नदियों में रेत खनन पर पूर्ण प्रतिबंध लागू हो गया था, लेकिन जिला प्रशासन ने इसकी सार्वजनिक जानकारी 22 जून को जारी की। आदेश जारी होने में हुई 12 दिनों की देरी अब जिले में चर्चा का विषय बनी हुई है।
प्रशासन ने जारी आदेश में स्पष्ट किया है कि भारत सरकार की वर्ष 2016 एवं 2020 की गाइडलाइन के अनुरूप मानसून के दौरान नदियों के प्राकृतिक प्रवाह, जैव विविधता और तटों के संरक्षण के लिए 10 जून से 15 अक्टूबर तक नदी से रेत का उत्खनन और परिवहन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इस अवधि में किसी भी प्रकार का खनन या परिवहन गैरकानूनी माना जाएगा।
हालांकि सबसे बड़ा सवाल इस बात को लेकर उठ रहा है कि यदि प्रतिबंध 10 जून से प्रभावी था तो इसकी आधिकारिक जानकारी 22 जून को क्यों जारी की गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस दौरान कई स्थानों पर अवैध रेत उत्खनन जारी रहा। यदि प्रशासन समय पर स्पष्ट आदेश जारी करता तो पर्यावरणीय नुकसान और अवैध खनन की घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाई जा सकती थी।
प्रशासन ने अब खनिज, राजस्व एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों को संयुक्त रूप से निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। प्रतिबंधित क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण किया जाएगा तथा अवैध उत्खनन या परिवहन करते पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति या संस्था के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
निर्माण कार्य प्रभावित न हों, इसके लिए प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि केवल स्वीकृत भंडारण स्थलों (स्टॉकयार्ड) से ही रेत की आपूर्ति की जाएगी। आम नागरिकों एवं ठेकेदारों से केवल वैध अनुज्ञाधारी डिपो से ही रेत खरीदने की अपील की गई है।
प्रशासन ने भले ही देर से आदेश जारी किया हो, लेकिन अब अवैध रेत खनन पर सख्ती बरतने का दावा किया है। ऐसे में जिले की निगाहें इस बात पर रहेंगी कि प्रशासन की यह सख्ती वास्तव में रेत माफियाओं पर प्रभावी अंकुश लगा पाती है या फिर शुरुआती प्रशासनिक ढिलाई का लाभ उठाकर अवैध खनन का सिलसिला जारी रहता है।
Updated on:
23 Jun 2026 05:14 pm
Published on:
23 Jun 2026 05:14 pm
