
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के पिता बोले, साजा से रविंद्र चौबे को नहीं दे टिकट, नहीं तो कांग्रेस को भरना पड़ेगा हर्जाना
बेमेतरा. पिछड़ा वर्ग को छत्तीसगढ़ में जनसंख्या के हिसाब से 39 सीटें मिलनी चाहिए, कुर्मी व तेली समाज को 13-13 एवं अन्य पिछड़ा वर्ग को 13 सीटें मिलनी चाहिए। इसी तरह अनुसूचित जाति व जनजाति को जनसंख्या के आधार पर 50 सीटे मिलनी चाहिए।
तो भाजपा का जीतना तय है
शेष बची 11 सीटों पर ब्राम्हण, ठाकुर एवं वैश्य को टिकिट देना चाहिए। अगर कांग्रेस पार्टी तेली, कुर्मी को टिकट नहीं देती है, तो भाजपा का जीतना तय है। उक्त बातें कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल के पिता नंद कुमार बघेल ने बेमेतरा विश्राम गृह में पत्रकारों से चर्चा करते हुए कही।
अपनी बेबाक बातों के लिए जाने जाने वाले नंद कुमार बघेल ने कहा कि वे राष्ट्रीय मुद्दों को लेकर देश का भ्रमण कर रहे हैं। देश में कांग्रेस की मजबूत सरकार बने, कमजोर और मजबूर सरकार न हो। कांग्रेस पार्टी को हर राज्य में क्षेत्रीय दलों से ऐसा समझौता होना चाहिए।
जिसमें क्षेत्रीय दल का मुख्यमंत्री हो और केन्द्र में राहुल गांधी प्रधानमंत्री बने। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ देश से आरक्षण को समाप्त करना चाहता है। आरक्षण को बचाना है तो कांग्रेस का जीतना जरूरी है।
चौबे को नहीं देना चाहिए टिकट
कांग्रेस पार्टी को साजा के रविन्द्र चौबे को टिकट नहीं देना चाहिए अगर उन्हें टिकट देने की भूल कांग्रेस करती है तो हम उन्हें हराएंगे। इसी तरह टीएस सिंहदेव ने पंडरिया में राजा को टिकट देने की बात कही है। वहां कुर्मियों की जनसंख्या 75 हजार से अधिक है। यह बहु संख्यकों का अपमान है। अगर बहु संख्यक की उपेक्षा होगी, तो पिछड़े, अनुसूचित जाति व जनजाति वर्ग एक हो जाएंगे।
जोगी ने कांग्रेसी नेताओं को मरवाया
नंदकुमार बघेल ने जनता कांग्रेस के संस्थापक पर आरोप लगाते हुए कहा कि अजीत जोगी को कांग्रेस ने तीन बार मौका दिया और वे फेल रहे। झीरमघाटी कांड में जोगी ने कांग्रेसी नेताओं को चुन चुन कर मरवाया। जोगी पिरन्हा मछली की तरह है, जो अपनों को ही खा जाती है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में जोगी कभी संविधान की रक्षा नहीं कर सकते चाहे वो कितनी भी सीटे जीते उनकी सरकार लचर रहेगी।
सरयूपारीय ब्राह्मण को मिले टिकट
ब्राम्हणों में भी केवल सरयूपारिय ब्राम्हण को टिकट मिलनी चाहिए, अल्प संख्यक ब्राम्हण जैसे सत्यनारायण, मोतीलाल वोरा को टिकट नही मिलनी चाहिए। सरयूपारिय ब्राम्हण 15 वी सदी से यहां आए है वे कुर्मियों के संग घुले मिले है। उनकी बुद्धि एवं तेली, कुर्मी की शक्ति एक हो तो जीतने से कोई रोक नही सकता। सरयूपारिय ब्राम्हणों को अल्पसंख्यक का दर्जा देना चाहिए।
नंदकुमार ने कहा मैं भूपेश को मुख्यमंत्री बनते देखना चाहता हूं, रमन सरकार सीडी कांड में उन्हें फंसाने का असफल प्रयास कर रही, जमीन विवाद में भी मेरे परिवार को राजनैतिक षडय़ंत्र कर फंसाने का प्रयास हो रहा है।
Published on:
28 Jul 2018, 12:43 PM IST
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