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किसने कहा कि जीवन कोई तीन घंटे की क्लॉस नहीं, पढि़ए पूरी खबर

उच्चशिक्षा मंत्री प्रेमप्रकाश ने बेहतर परिणाम के लिए दृढ़ निश्चय के साथ परीक्षा की तैयारी करने कहा। पालकों को परिणाम को लेकर बच्चों पर किसी भी प्रकार से दबाव न बनाने का आग्रह किया।
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भिलाई

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Satya Narayan Shukla

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Updated: 5 Mar 2018, 12:16 AM IST

Bhilai

भिलाई@Patrika. उच्चशिक्षा मंत्री प्रेमप्रकाश पांडेय ने फेसबुक लाइव के माध्यम से लोगों के परीक्षा से जुड़े सवालों के जवाब दिए। युवाओं को बेहतर परिणाम के लिए दृढ़ निश्चय के साथ परीक्षा की तैयारी करने कहा। पालकों को परिणाम को लेकर बच्चों पर किसी भी प्रकार से दबाव न बनाने का आग्रह किया।

गलतियों पर मनन कर बेहतर परिणाम की उम्मीद के साथ परीक्षा की तैयारी
मंत्री ने अशोक तिवारी के परीक्षा परिणाण से जुड़े सवाल के जवाब में कहा कि जीवन कोई तीन घंटे की क्लॉस नहीं है। बच्चे से कोई गलती हुई होगी। जिसके कारण परीक्षा परिणाम ऊपर नीचे हो गया होगा। इसका अर्थ यह नहीं कि वह निराश हो जाए। उन्होंने कहा कि परिणाम में सुधार के लिए बच्चों के मन मेंं दृढ़ निश्चय जागृत करने की बात कही। गलतियों पर मनन कर बेहतर परिणाम की उम्मीद के साथ परीक्षा की तैयारी करने कहा।

अनुत्तीर्ण होने पर वार्षिक परीक्षा में बैठने के लिए सिस्टम को लेकर सवाल

तिवारी ने मंत्री से इंजीनियरिंग कालेजों की तर्ज पर डिग्री कालेजों में भी 1-2 विषयों में अनुत्तीर्ण होने पर वार्षिक परीक्षा में बैठने के लिए सिस्टम को लेकर सवाल किया था।मंत्री ने स्कूल शिक्षा को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में शासकीय स्कूलों में शिक्षकों की कोई कमी नहीं है। शासकीय स्कूलों में पढऩे वाले छात्र- छात्राओं ने देश और प्रदेश में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं।

बेसिक फॉर साइंस का इंटीग्रेटेट कोर्स शुरू

उच्च पदों पर आसीन भी हुए हैं। फिर भी लोगों की सोच निजी स्कूलों की तरफ है। 12वीं के बाद युवा प्रोफेशनल कोर्स के पीछे जाते हैं। इसके लिए हमने हमने बेसिक फॉर साइंस का इंटीग्रेटेट कोर्स शुरू किया है। यहां इंटीग्रेटेड कोर्स के रूप में 40 बच्चों की कक्षाएं चल रही हैं। यहां पढऩे वाले छात्रों को 5 हजार रुपए स्टायफंड देने की बात कही। देश में प्रदेश की उच्च शिक्षण संस्थानों की स्थिति और वर्चुअल क्लॉस को अपनी बात रखी।