8 नवंबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

ढाई माह बाद मंदिरों के पट खुले, हरणी महादेव ३० तक रहेगा बंद

भक्तों ने किए भगवान के दर्शन, जैन मंदिर भी खुले
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

भीलवाड़ा

•

image

Suresh Jain

•

Updated: 29 Jun 2021, 10:31 AM IST

ढाई माह बाद मंदिरों के पट खुले, हरणी महादेव ३० तक रहेगा बंद

ढाई माह बाद मंदिरों के पट खुले, हरणी महादेव ३० तक रहेगा बंद

भीलवाड़ा।
भीलवाड़ा जिले में कोरोना की दूसरी लहर में कोहराम मचा रही कोरोना महामारी के कारण पिछले कई दिनों से बंद धर्म स्थल और मंदिर सोमवार को खुल गए। सरकार की ओर से जारी गाइडलाइन के अनुरूप खुले धर्म स्थलों पर सोमवार को सुबह से ही श्रद्धालुओं की चहल पहल नजर आई। जिलेभर में मंदिरों में श्रद्धालुओं की रेलमपेल नजर आई तिलस्वा महादेव मंदिर, सवाईभोज मंदिर, मालासेरी मन्दिर, चित्तौडग़ड़ जिले के बेगू में जोगणिया माता मंदिर, भीलवाड़ा शहर में बालाजी मंदिर, संकट मोचन मंदिर, पंचमुखी हनुमान मंदिर सहित विभिन्न मंदिरों में भक्तों की मुराद पूरी हुई। वही हरणी महादेव मंदिर के पट अभी नहीं खोले गए है।
हरणी महादेव मंदिर ट्रस्ट के सदस्य महादेव जाट ने कहा कि कोविड .19 के निर्देश मुख्य द्वार पर अंकित कर दिए गए हैं । मंदिर खोलने से पूर्व मंदिर के पूजारियों का टीकाकरण किया जाएगा। उसके बाद ही एक जुलाई को मंदिर के पट खोले जाएंगे। शहर के सभी मंदिर परिसर में घंटियों पर कपड़े ढक दिए गए हैं ताकि किसी भी व्यक्ति का घंटियों से टच ना हो पुष्प माला एवं प्रसाद नहीं चढ़ाने दिया जा रहा है। महादेव मंदिर के पुजारी ओमप्रकाश शर्मा ने कहा कि कोरोना वायरस के कहर के बाद सरकार के आदेश के अनुसार मंदिर खोलने की तैयारी की जा रही है। राज्य सरकार के आदेश पर प्रदेश सहित जिले के सभी धार्मिक स्थल गत सवा दो माह से बन्द थे। वह सभी मंदिरों के पट सोमवार को खुल गए है। केवल हरणी महादेव के पट ३० जून तक बन्द रहेंगे। शहर के सभी जैन मंदिर भी खोल दिए गए है।
संकट मोचन हनुमान मंदिर
महंत बाबू गिरी ने बताया कि मास्क लगाकर आने वालों को ही मंदिर में प्रवेश दिया जाएगा। निर्धारित दूरी पर खड़े होकर दर्शन कर तय समय में निकलना होगा। मंदिर में बैठकर हनुमान चालीसा पाठ आदि नहीं कर पाएंगे। घंटियां भी नहीं बजा पाएंगे। श्रद्धालु किसी चीज को छुए बगैर दर्शन कर निकलेंगे।
बालाजी मंदिर
बजरंग मंदिर ट्रस्ट के पूजारी आशुतोष शर्मा ने बताया कि मुख्य द्वार पर कोविड-19 के निर्देश अंकित किए गए हैं। घंटियों को बांध दिया गया है। फूल माला एवं प्रसाद नहीं चढ़ाया जाएगा। मंदिर में किसी भी तरह का धार्मिक आयोजन नहीं होगा। दर्शन करने के लिए मास्क लगाकर आना होगा।
चारभुजानाथ बड़ा मंदिर
श्री माहेश्वरी समाज चारभुजानाथ बड़ा मंदिर में परिक्रमा बंद रहेगी। ट्रस्ट अध्यक्ष उदयलाल समदानी ने बताया कि गार्ड तैनात किया जाएगा, जो दो-दो श्रद्धालुओं को दर्शन के लिए प्रवेश कराएगा। मास्क लगाना व कोरोना गाइडलाइन की पालना करना जरूरी है।