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भीलवाड़ा डेयरी अब 810 रुपए प्रति किलो फेट दर से खरीदेगा दूग्ध

जिले के 45 हजार पशुपालकों को मिलेगा करीब डेढ़ रुपए किलो का फायदा
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भीलवाड़ा

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Suresh Jain

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Updated: 15 Oct 2022, 9:57 AM IST

भीलवाड़ा डेयरी अब 810 रुपए प्रति किलो फेट दर से खरीदेगा दूग्ध

भीलवाड़ा डेयरी अब 810 रुपए प्रति किलो फेट दर से खरीदेगा दूग्ध

भीलवाड़ा. भीलवाड़ा जिला दुध उत्पादक सहकारी संघ भीलवाड़ा डेयरी ने दूध खरीद की दर 30 रुपए प्रति किलो फेट दर से बढ़ाने की घोषणा की है। अब डेयरी 810 रुपए प्रति किलो फेट दर से दूध की खरीद करेगी। राजस्थान में भीलवाड़ा डेयरी दूसरी डेयरी है जो सबसे अधिक दर से दूध खरीद कर रही है। जयपुर डेयरी 830 रुपए की दर से दूध खरीद रही है। फेट दर बढ़ाने से जिले के 45 हजार पशुपालकों को आर्थिक लाभ मिलेगा। पशुपालकों को लगभग डेढ़ रुपए किलो की दर से अधिक राशि मिलेगी।

भीलवाड़ा डेयरी के एमडी विपिन शर्मा ने बताया कि बढ़ी हुई दर 16 अक्टूबर से लागू होगी। जिले में ऐसे तो लगभग 65 हजार पशुपालक पंजीकृत है, लेकिन वर्तमान में लंपी वायरस के चलते मात्र 45 हजार पशुपालक ही दूध दे रहे हैं। यह दूध जिले में संचालित 950 समितियों के माध्यम से डेयरी तक पहुंच रहा है। वर्तमान में पशुपलाकों को औसत दर 45 रुपए लीटर से दूध की खरीद कर रही है। इसमें दुग्ध उत्पादक सम्बल योजना के तहत राज्य सरकार की ओर से दी जा रही पांच रुपए प्रतिलीटर अनुदान राशि भी शामिल है। यह राशि सीधे पशुपालक के खाते में जा रही है। अभी डेयरी में 3 लाख 15 हजार लीटर दूध आ रहा है। शर्मा ने बताया कि गायों को निःशुल्क टीकाकरण किया गया है। अब तक जिले में पचास हजार से ज्यादा गायों का टीकाकरण किया गया है। लम्पी से ग्रसित गायों के उपचार के लिए दुग्ध उत्पादकों को निःशुल्क दवा किट दुग्ध समितियों के माध्यम से उपलब्ध कराया गया है। अब तक 20 लाख रुपए से ज्यादा की दवाओं का वितरण किया जा चुका है।

2.10 लाख लीटर दूध की खपत
विपणन अधिकारी अरविन्द गर्ग ने बताया कि भीलवाड़ा डेयरी में जिले से 3.15 लाख लीटर दूध की आवक है। वही 2.10 लाख लीटर दूध की खपत है। इसमें से 1.80 लाख लीटर दूध भीलवाड़ा में सप्लाई हो रहा है। 26 हजार लीटर राजसमन्द तथा 4 हजार लीटर दूध मध्यप्रदेश के शिवपुरी जा रहा है। 25 हजार लीटर दूध से छाछ व दही का उत्पादन किया जा रहा है। शेष दूध का पाउडर बनाया जा रहा है। गर्ग ने बताया कि आइसक्रीम की 25 तरह की वैरायटी राजस्थान के अलावा मध्यप्रदेश में सप्लाई की जा रही है।