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बस्सी में धूलण्डी पर भक्तों के संग फाग खेलेंगे ठाकुरजी

वर्षों पुरानी है परंपरा- धूलण्डी पर निकलेगी शोभायात्रा
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भीलवाड़ा

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Suresh Jain

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Updated: 4 Mar 2023, 1:17 PM IST

बस्सी में धूलण्डी पर भक्तों के संग फाग खेलेंगे ठाकुरजी

बस्सी में धूलण्डी पर भक्तों के संग फाग खेलेंगे ठाकुरजी

चित्तौड़गढ़. धूलण्डी पर बस्सी कस्बे का नजारा अलग ही होता है। भक्तों के संग फाग खेलने के लिए ठाकुरजी पूरे कस्बे का भ्रमण करते हैं। ठाकुरजी के भक्तों के संग फाग खेलने की वर्षों पुरानी परंपरा है। जिसका निर्वहन आज भी भक्तों की ओर से किया जा रहा है। धूलण्डी मंगलवार को मनाई जाएगी।

कस्बे के लक्ष्मीनाथ मंदिर के भगवान लक्ष्मीनाथ हाथी पर विराजित होकर पूरे कस्बे में शोभायात्रा के साथ भक्तों के संग होली खेलते हैं। कस्बे की गलियां, बाजार गुलाल के विभिन्न सतरंगी रंगों से सराबोर हो जाती है।
बैंड बाजों के साथ ऊंट, घोड़े शोभायात्रा की शान बढ़ाते हैं। शोभायात्रा लक्ष्मीनाथ मंदिर से प्रारंभ होकर सोनियो का चौक, नाला बाजार ,पुराना बस स्टैंड, रोडवेज बस स्टैंड, पेट्रोल पंप से होते हुए रावला चौक, बस्सी खेड़ा से पुनः लक्ष्मीनाथ मंदिर पर पहुंचकर संपन्न होती है। शोभा यात्रा का जगह-जगह स्वागत होगा। घरों के बाहर ठाकुरजी की आरती की जाती है। फाग खेलने के कारण बाजार बंद रहते हैं। वही कोई भी श्रद्धालु नशा नहीं करता है और गुलाल का ही उपयोग किया जाता है। शोभायात्रा को देखने के लिए बहन-बेटियां भी बस्सी पहुंचकर इस कार्यक्रम में शामिल होती है।

धूलण्डी के बाद पूरे चैत्र माह में ठाकुरजी बस्सी कस्बे के विभिन्न समाज के 30 परिवारों के घर होली खेलने के लिए जाते हैं। यह भी एक अनूठी परंपरा है। भक्तों की ओर से बेवाण में ठाकुरजी को विराजमान कर गाजे-बाजे के साथ घर पर ले जाया जाता है। जहां पर ठाकुरजी भक्तों के साथ होली खेलते हैं । परिवार द्वारा प्रसाद का वितरण भी किया जाता है। पुनः ठाकुरजी को लक्ष्मीनाथ भगवान मंदिर में लाया जाता है। इस तरह का कार्यक्रम पूरा महीने चलता है।