7 नवंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

हार्डकोर बंदियों की लोकेशन रहेगी कम्प्यूटर स्क्रीन पर

हार्डकोर बंदियों की निगरानी के लिए अब पुलिस ने हाईटेक सुरक्षा कवच दिया है। एेसे अपराधियों को जिला कारागार से न्यायालय लाने व ले जाने के लिए पुलिस प्रशासन ने विशेष हाईटेक बस व कमांडो की टीम तैयार की है।
less than 1 minute read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

खंडवा

•

image

Tej Narayan Sharma

•

Updated: 4 Nov 2016, 10:35 AM IST

हार्डकोर बंदियों की निगरानी के लिए अब पुलिस ने हाईटेक सुरक्षा कवच दिया है। एेसे अपराधियों को जिला कारागार से न्यायालय लाने व ले जाने के लिए पुलिस प्रशासन ने विशेष हाईटेक बस व कमांडो की टीम तैयार की है। ये विशेष टीम हार्डकोर अपराधियों व उनकी राह पर जीपीएस सिस्टम के जरिए नजर भी रखेगी।

Read:पहले साथ जीने-मरने की कसम, फिर प्रेमिका को जहर देकर मारा

खूंखार अपराधी आनन्दपाल सिंह के पुलिस अभिरक्षा से फरार होने की घटना के बाद पुलिस मुख्यालय ने जिलों में विचाराधीन बंदियों की सुरक्षा को लेकर कई बदलाव किए है। खास कर हार्डकोर बंदियों की सुरक्षा को लेकर हाइटेक घेर बनाया है। ये घेरा एक विशेष किस्म की बस से लेकर जेल के द्वार तक हार्डकोर अपराधियों पर कसा रहेगा। ये बस पुलिस बेडे में शामिल अन्य बसों से मजबूत होने के साथ ही अलग किस्म की होगी।

Read:नसबंदी ऑपरेशन फेल होने पर जिम्मेदार के खिलाफ क्या कार्रवाई होनी चाहिए ? हमें बताएं...

इसमें जीपीएस सिस्टम लगा होगा। एक केबिन होगी। इसी प्रकार बस किस लोकेशन से निकलेगी और इसके भीतर कितने लोग है और किस स्थिति में उसका रिकार्ड भी सीसीटीवी कैमरे के जरिए मिल सकेगा। इसी प्रकार बस के बुलट फू्रफ होने के साथ ही उसमें अत्याधुनिक हथियार रखने की सुविधा होगी।

कमांडों की नजरों में रहेंगे हार्डकोर

जिला कारागार से हार्डकोर बंदियों को न्यायालय से लाने व ले जाने के लिए एक विशेष कमांडो बस बनाई गई। इसमें 15 हार्डकोर बंदी रखे जा सकेंगे। इसमें पुलिस के 20 कमांडों मौजूद रहेंगे। ये सशस्त्र हथियारों से लैस रहेंगे। बस का लोकेशन ऑन लाइन रहेगा। जिला कारागार में बंद हार्डकोर अपराधियों का पूर्ण रिकार्ड सम्बन्धित जेलों के साथ ही जिला पुलिस मुख्यालय पर रहेगा। ये बस इसी माह पुलिस बेडे में शामिल कर ली जाएगी।

प्रदीप मोहन शर्मा, पुलिस अधीक्षक भीलवाड़ा