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कोमा में गए जवान की मदद को आगे आया प्रशासन, तनख्वाह से चंदा कर चुकाया बिल

निजी अस्पताल ने भी किया कॉपरेट, १९ फरवरी से कोमा में था, २४ को आर्मी की एयर एम्बुलेंस ले गई दिल्ली
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जवान

सेना पर गर्व... अपराधों पर शर्म...

भोपाल। द्रोणांचल स्थित २१ कोर सिग्नल रेजीमेंट का जवान अमित कुमार १९ फरवरी को लालघाटी के पास एक हादसे के शिकार होकर कोमा में चला गया। प्रोटोकॉल के तहत उसका इलाज आर्मी अस्पताल में होना था, लेकिन कोमा के इलाज की सुविधा न होने पर उसे निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया। इसी बीच दिल्ली स्थित हेडक्वार्टर में भी सूचना दे दी गई। इधर इलाज अस्पताल में चलता रहा, इसी बीच बिहार से जवान के पिता भी आ गए। लेकिन उनकी आर्थिक स्थित सही नहीं थी।

साथियों ने कुछ मदद की, लेकिन खर्चा ज्यादा हो गया। इसी बीच लांस नायक कुलदीप को किसी ने बताया कि जिला प्रशासन कुछ मदद कर सकता है। उसने एसडीएम हुजूर राजकुमार खत्री से संपर्क किया तो इतनी जल्दी वहां से भी मदद नहीं हो सकी। इसी बीच एसडीएम ने अपने स्टाफ और अन्य लोगों से करीब ५५ हजार रुपए एकत्रित किए और अस्पताल से बात कर कुछ रुपए कम कराए। इस तरह एक लाख २५ हजार रुपए का बिल चुकाया गया।

इसी बीच मिल गई दिल्ली से मदद

२४ फरवरी को दिल्ली आर्मी हेडक्वार्टर से एयर एम्बुलेंस आई और उसे इलाज के लिए दिल्ली ले गई। जवान हादसे के बाद अभी तक कोमा में हैं। पिता भोजपुर में छोटा मोटा काम करते हैं। इस कारण घर की पूरी जिम्मेदारी बेटे पर है।