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भाजपा का सर्वे, नए चेहरों पर लगाएगी दांव, जानिए क्या होगा टिकट देने का मुख्य आधार

पार्टी ने सभी प्रमुख शहरों में सर्वे कराया है
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पार्टी ने सभी प्रमुख शहरों में सर्वे कराया है

भोपाल। भारतीय जनता पार्टी में वरिष्ठता और अनुभव अब पुरानी बात हो चुकी है। चुनावों में पार्टी अब नए चेहरों को सामने लाने का मन बना चुकी है। भाजपा इसके लिए प्रमुख शहरों में बाकायदा सर्वे करा चुकी है और टिकट वितरण का मुख्य आधार भी यही सर्वे ही होगा। पार्टी ने यह भी तय किया है कि प्रदेश में नगरीय निकाय चुनावों में नगर निगमों में महापौर के पद के लिए किसी विधायक को टिकट नहीं दी जाएगी।

प्रदेश में पंचायत और नगरीय निकाय चुनाव में जीत के लिए पार्टी कोई कोर कसर नहीं रखना चाहती. इसके लिए लगातार काम किया जा रहा है। सबसे ज्यादा जोर टिकट वितरण पर दिया जा रहा है। पार्टी सूत्रों के अनुसार स्वयं मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान इस पर गहराई से नजर रख रहे हैं. सीएम ने खुद प्रदेश के सभी नगर निगमों का सर्वे कराया है और इस सर्वे रिपोर्ट के मानदंडों के आधार पर ही टिकट दिए जाएंगे।

भाजपा की प्रदेश स्तरीय चुनाव प्रबंध समिति की बैठक में मोटे तौर पर यह तय कर लिया गया है। प्रदेश प्रभारी पी मुरलीधर राव और प्रदेश संगठन महामंत्री हितांनद शर्मा के साथ इस अहम बैठक में प्रदेश चुनाव प्रबंध समिति के संयोजक भगवान दास सबनानी तथा चुनाव संचालन समिति के संयोजक उमाशंकर गुप्ता भी मौजूद थे। इस बैठक में सभी जिलों और संभाग स्तर पर चुनाव समिति का जल्द गठन करने पर सहमति बनी।

9 को अहम बैठक, विधायक-पूर्व विधायकों को टिकट पर होगा फैसला -वहीं पार्षद और महापौर की टिकट के संबंध में भी चर्चा हुई. यहां यह तय किया गया कि पार्षद और महापौर की टिकट के मानदंड 9 जून की बैठक में फायनल किए जाएंगे। पार्टी सूत्रों के मुताबिक भाजपा अब उम्रदराज नेताओं से किनारा कर नए चेहरों पर दांव लगाएगी. महापौर के टिकट ऐसे ही नए और युवा कार्यकर्ताओं को दिए जाएंगे. पार्टी स्तर पर पीढ़ी परिवर्तन का यह संकेत कई बार दिया जा चुका है।

मौजूदा विधायकों को महापौर के टिकट नहीं दिए जाएंगे. इसकी एक और अहम वजह अगले ही साल होनेवाले विधानसभा चुनाव भी हैं. ऐसे में इन सभी 16 जगहों पर वर्तमान विधायकों को टिकट नहीं दी जाएगी. सबसे खास बात यह है कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेश के सभी 16 नगर निगमों में सर्व कराया है. चुनाव में टिकट वितरण में यह सर्वे सबसे महत्वपूर्ण आधार भी होगा।