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Good News: शिक्षकों की ड्यूटी दूसरे कामों में नहीं लगेगी, निर्देश जारी

शिक्षकों से दूसरा काम कराने वाले प्राचार्यों पर गिरेगी गाज...। निर्देश जारी...।
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भोपाल

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Manish Gite

Nov 26, 2022

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भोपाल। मध्यप्रदेश में स्कूल शिक्षा विभाग में शिक्षण कार्यों के अलावा अन्य प्रकार के काम कराने वाले शिक्षकों के लिए यह अच्छी खबर है। अब ऐसे प्राचार्यों पर अनुशासनात्मक कार्यवाही की जा सकेगी, जो शिक्षण कार्य के अलावा अपने अधीनस्थ शिक्षकों से गैर-शैक्षणिक कार्य करवाते हैं। अब इस निर्देश के बाद कोई भी प्राचार्य शिक्षकों की ड्यूटी गैर शैक्षणिक कार्य में लगाने से पहले जरूर विचार करेगा।

मध्यप्रदेश के लोक शिक्षण आयुक्त अभय वर्मा ने राज्य के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और हाई स्कूल और हायर सेकंडरी स्कूलों के प्राचार्यों के लिए निर्देश जारी कर कहा है कि अक्सर ही ऐसी शिकायतें मिलती हैं कि शिक्षकों से शैक्षणिक कार्य की बजाय गैर शैक्षणिक कार्य में ड्यूटी लगा दी जाती है। इस पर प्रभावी रोक लगाने के लिए विमर्श पोर्टल पर एक माड्यूल विकसित किया गया है। जिसमें ऐसे शिक्षक को की जानकारी अपलोड करने पड़ेगी जिन्हें जिला एवं अन्य स्तर से पूर्णकालिक रूप से संलग्न किया गया है। यह जानकारी जिला शिक्षा अधिकारी और प्राचार्य को 7 दिन में अनिवार्य रूप से अपलोड करना है। इसके बाद ऐसे शिक्षकों को मूल संस्था के लिए कार्यमुक्त करने की कार्यवाही की जा सकेगी।

वर्मा के मुताबिक प्राचार्यों का यह दायित्व है कि वे अपने अधीनस्थों, पूर्णकालिक और अंशकालिक शिक्षकों की जानकारी को अपलोड करें ताकि इनको कार्यमुक्त करने की कार्यवाही की जा सके। यदि कोई शिक्षक गैर-शैक्षणिक कार्यों में संलग्न है तो उसकी जानकारी विमर्श पोर्टल पर दर्ज नहीं की जाती है तो इस संबंध में संबंधितों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी।

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शिक्षा मंत्री ने दिया था आश्वासन

इसी माह स्कूल शिक्षा विभाग (school education department) का एक फरमान आया था जिसमें शिक्षकों को शैक्षणिक कार्य के साथ-साथ चुनावी कार्य करने को कहा गया था। शिक्षकों को चुनावी ड्यूटी के साथ-साथ ही स्कूलों में पढ़ाई भी कराना अनिवार्य था। उन्हें डोर टू डोर सर्वे करने के साथ ही शिक्षकों को स्कूलों में सही समय पर आना भी जरूरी था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक स्कूल शिक्षा मंत्री (school education minister) इंदर सिंह परमार (inder singh parmar) ने इस बारे में कहा था कि जल्द ही शिक्षको को गैर शैक्षणिक कार्यों से मुक्त रखने की योजना तैयार होगी।

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