
कोरोना की तीसरी लहर की तैयारी : वार्ड, ब्लाॅक और ग्राम स्तर पर काम करेंगे क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप
भोपाल/ मध्य प्रदेश में कोरोना के हाहाकार के बीच सरकार ने संकर्मण की रफ्तार पर लगाम लगाने के लगाने के लिये अहम रणीति पर काम कर रही है। हालांकि, प्रदेश के शहरों में अब संक्रमण की रफ्तार धीमी हुई है, एकेटिव केस भी तेजी से कम हो रहे हैं। ऐसे में सरकार इस रणनीति को प्रदेश के गांवों के में फैलते कोरोना संकरमण संतर को कम करने के लिये वहां प्रभावी करेगी। सरकार द्वारा ने शहरों में वार्ड और ग्रामीण इलाकों में ब्लॉक स्तर पर क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप का गठन करने का फैसला लिया है। इस संबंध में गृह विभाग द्वारा सोमवार को ही आदेश जारी किये जा चुके हैं।
जयंत मलैया के समर्थन में आईं पूर्व मंत्री कुसुम मेहदेले, कहा- 'उन्हें नोटिस देना दुर्भाग्यपूर्ण, उपचुनाव कराना ही अनुचित था'
[typography_font:14pt;" >त्रिस्तरीय ग्रुप का गठन होगा
जारी आदेश के मुताबिक, कोरोना से बचाव व अन्य फैसले लेने के लिए क्राइसिस मैनजमेंट ग्रुप हर माह समीक्षा बैठक लेगी। आदेश में जिलों के कलेक्टरों से कहा गया है, जल्दी तीनों स्तर के ग्रुप का गठन किया जाए। अब कोरोना संक्रमण गांवों में फैल रहा है। यही वजह है, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गांवों में जनता कर्फ्यू लगाने का निर्णय ग्रामीणों पर छोड़ रखा है। प्रदेश के कई गांवों में बाहरी व्यक्तियों का प्रवेश बंद किया गया है।
(1) शहरी इलाकों में -
-वार्ड क्राइसिस मैनजमेंट ग्रुप : अध्यक्ष वार्ड प्रभारी इस ग्रुप के अधिकारी होंगे। सांसद और विधायक के नियुक्त प्रतिनिधि, नगर निगम आयुक्त अथवा मुख्य नगर पालिका अधिकारी द्वारा नामांकित जनप्रतिनिधि, सामाजिक संगठन के प्रतिनिधि, वार्ड के प्रतिष्ठित निजी चिकित्सक, स्वयंसेवी संगठन, जन अभियान परिषद, राजनैतिक एवं सामाजिक संगठन के कार्यकर्ता और महिला स्वसहायता समूह सदस्य होंगे।
(2) ग्रामीण इलाकों में -
-ब्लाॅक क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप : एसडीएम को अध्यक्ष नियुक्त किया जाएगा। एडीओपी, जनपद सीईओ, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर, नगर पालिका अथवा नगर परिषद के सीएमओ, महिला एवं बाल विकास के प्रोजेक्ट ऑफिसर, सांसद और विधायक के स्थानीय प्रतिनिधि, कलेक्टर द्वारा नामांकित स्थानीय स्वयं सेवी संगठन के सदस्यों के साथ साथ इलाके के समाज सेवी होंगे।
(3) ग्राम इलाकों मे -
-ग्राम क्राइसिस मैनेजमेंट गुप : इस ग्रुप का अध्यक्ष प्राम पंचायत प्रशासनिक समिति के अध्यक्ष को चुना जाएगा। पंचायत सचिव, जन अभियान परिषद, महिला स्व सहायता समूह, राजनैतिक व सामाजिक कार्यकर्ता, प्रशसनिक समिति के सदस्य, ग्राम रोजगार सहायक, आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका, कोटवार को ग्रुप का सदस्य रखा जाएगा।
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Published on:
11 May 2021 07:20 am
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