4 फ़रवरी 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

MP : स्कूलों में लागू हो सकता है ऑड-ईवन फॉर्मूला, बड़ा फैसला ले सकता है शिक्षा विभाग

प्रदेश के सभी स्कूलों को ऑड-ईवन फॉर्मूले के साथ खोला जा सकता है। हालांकि, मौजूदा स्थिति में इस संबंध में अभिभावकों से सुझाव लिये जा रहे हैं। इसके बाद ही कोई निश्चिंत फैसला हो सकेगा।

2 min read
Google source verification
NEWS

MP : स्कूलों में लागू हो सकता है ऑड-ईवन फॉर्मूला, बड़ा फैसला ले सकता है शिक्षा विभाग

भोपाल/ मध्य प्रदेश ( madhya pradesh ) में कोरोना वायरस ( coronavirus ) के बढ़ते प्रकोप के कारण बंद किये गए स्कूलों ( school ) को केन्द्र सरकार द्वारा किये गए अनलॉक के बाद नए नियमों के साथ सुचारू करने की तैयारी की जा रही है। जानकारी के मुताबिक, स्कूल शिक्षा विभाग अब इसपर गंभीरता से विचार कर रहा है कि, प्रदेश के सभी स्कूलों को ऑड-ईवन फॉर्मूले के साथ खोला जा सकता है। हालांकि, मौजूदा स्थिति में इस संबंध में अभिभावकों से सुझाव लिये जा रहे हैं। इसके बाद ही कोई निश्चिंत फैसला हो सकेगा कि, स्कूल कब से खोले जाएंगे और संक्रमण से बचे रहने के लिए छात्रों के लिए क्य व्यवस्थाएं होंगी।

पढ़ें ये खास खबर- अब निकाह से पहले दूल्हा-दुल्हन को करना होगा इन नियमों का पालन, वरना काज़ी साहब नहीं पढ़ाएंगे निकाह


इस तरह मांगे जा रहे सुझाव

स्कूल शिक्षा विभाग अभिभावकों से इस संबंध में फीडबैक और सुझाव मांग रहा है कि, कोरोना के इस दौर में स्कूल खोले जाएं या नहीं। स्कूल जब खुलें तो बच्चों को कोरोना से बचाने के लिए क्या उपाय किए जाएं। विभाग ये भी पूछ रहा है कि अभिभावक जुलाई के महीने में अपने बच्चों को स्कूल भेजने के लिए तैयार हैं या नहीं? एजुकेशन डिपार्टमेंट की इस पहल का अच्छा रिस्पांस नज़र आ रहा है। क्योंकि, अभिभावक इसपर बेहतर ढंग से सुझाव दे रहे हैं।

पढ़ें ये खास खबर- कोरोना के नाम पर आने वाले इस मैसेज से रहें सतर्क, हो सकते हैं ठगी का शिकार


इस व्यवस्था पर किया जा रहा गौर

स्कूल शिक्षा विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक, विभाग ऑड-ईवन फॉर्मूले पर अधिक गौर कर रहा है। इसमें बारी बारी से एक दिन के अंतर से एक क्लास के 25-25 बच्चों को स्कूल बुलाया जाएगा। एक बेंच पर केवल एक बच्चे को बैठने की अनुमति होगी। एक कक्षा में बच्चों के बीच में 6 फीट की दूरी तय की जाएगी। स्कूलों में बच्चों का मास्क पहनना ज़रूरी होगा और हर क्लास रूम के बाहर बच्चों के लिए सैनेटाइजर की व्यवस्था भी की जाएगी।

पढ़ें ये खास खबर- इस साल हज नहीं कर सकेंगे आप, कोरोना वायरस के चलते दुनियाभर में सिर्फ इस देश को मिलेगी इंट्री


ठक में तय होगा प्लान

स्कूल शिक्षा विभाग अपने इस फॉर्मूले पर अभिभावकों से मिले सुझाव के बाद राज्य शासन को भेजेगा। वहां से मंज़ूरी मिलने के बाद इस व्यवस्था के जरिये स्कूलों को खोलने की तैयारी की जा सकेगी। हालांकि, बीते दिनों प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवाज सिंह चौहान पहले ही साफ कर चुके हैं कि, सूबे का कोई भी स्कूल जुलाई माह अंत होने तक नहीं खोला जाएगा। ऐसे में उम्मीद जताई जा रही है कि अगर ये व्यवस्था राज्य शासन की ओर से स्वीकृत होती है तो अगस्त माह की शुरुआत से इस व्यवस्था के तहत स्कूलों को खोला जाएगा।

पढ़ें ये खास खबर- खुलासा : इन लोगों पर है कोरोना वायरस से मौत का सबसे ज्यादा खतरा, जानें बचाव


सीएम लेंगे फैसला

स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ बैठक होगी। बैठक में सीएम खुद स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा बनाई गई गाइडलाइन और अभिभावकों से मिले सुझावों के आधार पर स्कूलों को खोलने पर चर्चा करेंगे। हालांकि, स्पष्ट तौर पर चर्चा के बाद ही तय होगा कि, स्कूलों में बच्चों को कब से और किन नियमों के तहत बुलाया जा सकेगा।