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सर्वार्थ सिद्धि-अमृत सिद्धि योग में शुरुआत

एक दिन दो तिथि पडऩे से आठ ही दिन रहेगा शारदेय नवरात्र
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भोपाल

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Rohit Prasad Verma

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Updated: 23 Sep 2021, 1:32 AM IST

सर्वार्थ सिद्धि-अमृत सिद्धि योग में शुरुआत

सर्वार्थ सिद्धि-अमृत सिद्धि योग में शुरुआत

भोपाल. गणेश उत्सव के समापन के बाद शहर में शारदेय नवरात्र की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार नवरात्र नौ के बजाय आठ ही दिनों के होंगे। दरअसल एक दिन में दो तिथि आने के कारण यह स्थिति बनेगी। इस बार चतुर्थी और पंचमी तिथि एकसाथ पड़ रही है। नवरात्र सभी प्रकार की खरीदारी सहित सभी शुभ कार्यों के लिए विशेष शुभ माने जाते हैं, लेकिन इस दौरान ग्रह, नक्षत्रों के मेल से बन रहे कई शुभ संयोग इसे और अधिक शुभता प्रदान करेंगे।

शारदीय नवरात्र 7 अक्टूबर से शुरू हो रहे हैं, जो 14 अक्टूबर तक रहेंगे। इसी प्रकार 15 अक्टूबर को दशहरा पर्व मनाया जाएगा। आठ दिनों तक श्रद्धालु माता रानी की आराधना करेंगे। शहर में अनेक स्थानों पर पंडाल सजाकर मां दुर्गा की स्थापना की जाएगी और शहर में उत्सवी माहौल नजर आएगा। नवरात्र में4 दिनों तक रवि योग का संयोग रहेगा। शुभ कार्यों के लिए यह योग काफी शुभ माना गया है।

इस बार नवरात्र कई शुभ संयोगों से युक्त होंगे। नवरात्र के नौ दिन तो वैसे ही काफी शुभ माने गए हैं, लेकिन नवरात्र में कई शुभ योग आने से इसका महत्व और बढ़ जाएगा। शारदेय नवरात्र की शुरुआत सर्वार्थ सिद्धि योग और अमृत सिद्धि योग में होगी। इसी प्रकार नवमी पर भी सर्वार्थ सिद्धि योग का संयोग रहेगा।

शुभ कार्यों के लिए विशेष फलदायी होते हैं नवरात्र
ज्योतिष मठ संस्थान के पं. विनोद गौतम ने बताया कि नवरात्र सभी प्रकार के शुभ कार्यों के लिए विशेष शुभ होता है। इस बार नवरात्र की शुरुआत चित्रा नक्षत्र और वैधृति योग में होगी, इसलिए घट स्थापना अभिजीत मुहूर्त में की जाना श्रेष्ठ रहेगा। इसी प्रकार नवरात्र में चार बार रवि योग बनेगा। यह योग उन्नति और समृद्धि देता है। नवरात्र में भवन, भूमि, वाहन, आभूषण, वस्त्र, रत्न सहित सभी प्रकार की खरीदारी करना शुभता प्रदान करता है। इसी प्रकार नवीन कार्यों की शुरुआत करना भी इसमें श्रेष्ठ होता है। इस बार चतुर्थी और पंचमी एकसाथ होने से कुष्मांडा माता और स्कंदमाता की आराधना एकसाथ होगी।

डोली में सवार होकर आएंगी माता रानी
पं. जगदीश शर्मा ने बताया कि इस बार माता रानी का आगमन डोली में होगा। इस लिहाज से महिलाओं का वर्चस्व बढ़ेगा और मान सम्मान में वृद्धि होगी, लेकिन महामारी के लोग परेशान रहेंगे। नवरात्र सभी शुभ कार्यों के लिए और देवी आराधना के साथ विशेष शुभ माने गए हैं। नवरात्र में नौ देवियों की आराधना का विधान है। कई बार तिथि भेद के कारण एक ही दिन दो-दो तिथियां आती है, ऐसे में अनेक बार आठ दिन के नवरात्र की भी स्थिति बनती है। नवरात्र सभी प्रकार की खरीदारी के लिए भी विशेष फलदायी माने गए हैं। इसमें स्थायी संपत्ति की खरीदारी करना विशेष शुभ माना गया है।

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